सर्वोदय/लाइफस्टाइल :- हर साल 19 अप्रैल को वर्ल्ड लिवर डे मनाया जाता है ताकि लोगों को इस महत्वपूर्ण अंग के महत्व और इसके स्वास्थ्य को लेकर जागरूक किया जा सके। लिवर हमारे शरीर का एक ऐसा अंग है जो न केवल खून को साफ करता है, बल्कि विषैले पदार्थों को बाहर निकालने, पाचन में मदद करने और जरूरी प्रोटीन व हार्मोन बनाने का काम भी करता है। यही वजह है कि इसकी देखभाल करना हमारी हेल्थ के लिए बेहद जरूरी है।
इस साल वर्ल्ड लिवर डे की थीम है – “भोजन ही दवा है”। इस थीम के जरिए लोगों को बताया जा रहा है कि एक संतुलित और पोषणयुक्त आहार न केवल लिवर को स्वस्थ रखता है, बल्कि गंभीर बीमारियों को भी रोक सकता है। इसका मकसद सरकारों और लोगों को ऐसे खाद्य विकल्पों की तरफ प्रेरित करना है जो सस्ते, सेहतमंद और सबके लिए सुलभ हों।
भोजन और लिवर: क्या है कनेक्शन?
देश के जाने-माने लिवर एक्सपर्ट डॉ. शिवकुमार सरीन के मुताबिक, “लिवर आपका चार्टेड अकाउंटेंट है – जितना खर्च कर सकते हो, उतना ही कमाओ।” यानी, जो हम खाते हैं, वो अगर शरीर के हिसाब से ज्यादा है, तो वो विष, फैट और बीमारियों का कारण बन सकता है।
लिवर के सबसे बड़े दुश्मन फूड्स
मैदा और बेकरी प्रोडक्ट्स
अधिक चीनी
फैटी फूड्स (जैसे तला-भुना खाना)
शराब
प्रोसेस्ड और पैक्ड स्नैक्स
ज्यादा नमक
लिवर के दोस्त फूड्स – इनका करें स्वागत
सेब
ब्लूबेरीज
चुकंदर
हरी पत्तेदार सब्जियां
नट्स (बादाम, अखरोट)
फैटी फिश (जैसे सैल्मन)
ऑलिव ऑयल
ग्रीन टी
लिवर को स्वस्थ रखने के लिए अपनाएं ये आदतें
भरपूर पानी पिएं – डिटॉक्स में मदद करता है
शराब से दूरी बनाएं – लिवर खराब करने का सबसे बड़ा कारण
नियमित एक्सरसाइज करें – फैटी लिवर से बचाव
ओवर द काउंटर दवाओं से बचें – खासकर पेनकिलर्स और एंटीबायोटिक
हेपेटाइटिस A और B का टीका लगवाएं
नियमित जांच कराएं – ताकि समय रहते बीमारियों का पता चल सके
नियमित रूप से व्यायाम करें
शारीरिक रूप से सक्रिय रहने से हेल्दी वजन मेंटेन रखने में मदद मिलती है और इससे फैटी लिवर डिसीस का खतरा कम होता है.
अनावश्यक दवाओं से बचें
दवाओं का अत्यधिक सेवन, विशेष रूप से ओवर-द-काउंटर गोलियां लिवर को नुकसान पहुंचा सकती हैं. बिना डॉक्टर की सलाह के किसी एंटीबायोटिक का सेवन ना करें.
आप अपने खानपान और जीवनशैली में छोटे-छोटे बदलाव लाकर अपने लिवर और पूरे शरीर को स्वस्थ रखेंगे। याद रखें, एक अच्छा लिवर ही एक अच्छा जीवन दे सकता है।



