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यूपी के 33 PCS अधिकारियों को मिलेगा IAS प्रमोशन, महीने के अंत तक जारी हो सकते हैं आदेश

लखनऊ। उत्तर प्रदेश प्रशासनिक सेवा (PCS) के अधिकारियों के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आई है। चयन वर्ष 2025 के तहत प्रदेश के 33 पीसीएस अधिकारियों का भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) में प्रमोशन लगभग तय माना जा रहा है। पदोन्नति प्रक्रिया को लेकर दिल्ली में विभागीय पदोन्नति समिति (DPC) की बैठक आयोजित की गई, जिसमें अधिकारियों के नामों पर विचार किया गया।

जानकारी के अनुसार, केंद्र सरकार ने वर्ष 2025 के लिए उत्तर प्रदेश को आईएएस पदोन्नति कोटे में 33 पद आवंटित किए हैं। डीपीसी की बैठक में राज्य सरकार, केंद्र सरकार और संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। बैठक में वरिष्ठ अधिकारियों की सेवा अभिलेखों और पात्रता से जुड़े पहलुओं की समीक्षा की गई।

2010 और 2011 बैच के अधिकारियों को मिलेगा लाभ

सूत्रों के मुताबिक इस बार पदोन्नति के लिए मुख्य रूप से वर्ष 2010 और 2011 बैच के पीसीएस अधिकारियों के नामों पर विचार किया गया है। हालांकि उपलब्ध पदों की संख्या अधिक होने के कारण वर्ष 2012 बैच के कुछ अधिकारियों को भी प्रमोशन का अवसर मिल सकता है।

बताया जा रहा है कि 2010 और 2011 बैच में पात्र अधिकारियों की संख्या अपेक्षाकृत कम होने के चलते 2012 बैच तक के अधिकारियों को भी मौका मिलने की संभावना बनी हुई है।

डीपीसी में इन अधिकारियों के नामों पर हुआ विचार

वर्ष 2010 बैच के अधिकारियों में डॉ. विश्राम, अशोक कुमार कन्नौजिया, पुष्पराज सिंह, राजकुमार द्विवेदी, राकेश कुमार पटेल, आलोक कुमार, सुशीला और संजय कुमार सिंह के नाम शामिल हैं।

वहीं वर्ष 2011 बैच के अधिकारियों में पूनम निगम, संतोष बहादुर सिंह, पंकज वर्मा, प्रदीप कुमार यादव, योगानंद पांडे, विजय कुमार सिंह, अतुल कुमार, डॉ. सुनील कुमार वर्मा, हर्ष देव पांडे, शैलेंद्र कुमार सिंह, डॉ. नितिन मदान, प्रियंका सिंह, रिंकी जायसवाल, अमित सिंह, विवेक श्रीवास्तव, वैभव मिश्रा, नरेंद्र बहादुर सिंह, संदीप कुमार और गरिमा स्वरूप समेत अन्य अधिकारियों के नाम शामिल हैं।

Aaj Ka Rashifal 11 June 2026: जानें मेष से मीन तक सभी राशियों का भविष्यफल

Aaj Ka Rashifal 11 June 2026: आज गुरुवार का दिन कई राशियों के लिए नई संभावनाएं लेकर आया है। ग्रह-नक्षत्रों की चाल करियर, व्यापार, धन, शिक्षा, पारिवारिक जीवन और स्वास्थ्य पर प्रभाव डाल सकती है। आइए जानते हैं 11 जून 2026 का दैनिक राशिफल।

मेष राशि (Aries)

आज आत्मविश्वास में वृद्धि होगी। कार्यक्षेत्र में आपकी मेहनत रंग ला सकती है। किसी महत्वपूर्ण व्यक्ति से मुलाकात लाभदायक साबित होगी। आर्थिक मामलों में सोच-समझकर निर्णय लें। परिवार का सहयोग मिलेगा।

शुभ रंग: लाल
शुभ अंक: 9

वृषभ राशि (Taurus)

व्यापार और नौकरी में सकारात्मक परिणाम मिल सकते हैं। रुके हुए कार्य पूरे होने के योग हैं। पारिवारिक माहौल सुखद रहेगा। स्वास्थ्य का ध्यान रखें और खानपान में लापरवाही न करें।

शुभ रंग: सफेद
शुभ अंक: 6

मिथुन राशि (Gemini)

आज नई योजनाओं पर काम शुरू कर सकते हैं। दोस्तों और सहकर्मियों का सहयोग मिलेगा। आर्थिक लाभ के अवसर बनेंगे। विद्यार्थियों के लिए दिन अनुकूल रहेगा।

शुभ रंग: हरा
शुभ अंक: 5

कर्क राशि (Cancer)

भावनात्मक फैसलों से बचने की जरूरत है। कार्यक्षेत्र में धैर्य बनाए रखें। परिवार के साथ समय बिताने का अवसर मिलेगा। निवेश से पहले विशेषज्ञ की सलाह लेना बेहतर रहेगा।

शुभ रंग: सिल्वर
शुभ अंक: 2

सिंह राशि (Leo)

नेतृत्व क्षमता का लाभ मिलेगा। नौकरी और व्यवसाय में प्रगति के संकेत हैं। सामाजिक प्रतिष्ठा बढ़ सकती है। किसी पुराने मित्र से मुलाकात खुशी दे सकती है।

शुभ रंग: सुनहरा
शुभ अंक: 1

कन्या राशि (Virgo)

आज कार्यों में सफलता मिलने के योग हैं। नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं। आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। स्वास्थ्य को लेकर सतर्क रहने की आवश्यकता है।

शुभ रंग: नीला
शुभ अंक: 7

तुला राशि (Libra)

संतुलित व्यवहार आपको लाभ दिलाएगा। व्यापार में नए अवसर मिल सकते हैं। पारिवारिक जीवन में खुशियां बनी रहेंगी। यात्रा के योग बन रहे हैं।

शुभ रंग: गुलाबी
शुभ अंक: 6

वृश्चिक राशि (Scorpio)

आज आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ें। नौकरीपेशा लोगों को नई जिम्मेदारी मिल सकती है। आर्थिक मामलों में लाभ के संकेत हैं। अनावश्यक विवादों से दूर रहें।

शुभ रंग: मैरून
शुभ अंक: 8

धनु राशि (Sagittarius)

भाग्य का साथ मिल सकता है। धार्मिक और आध्यात्मिक गतिविधियों में रुचि बढ़ेगी। करियर में नए अवसर सामने आ सकते हैं। परिवार के साथ समय अच्छा बीतेगा।

शुभ रंग: पीला
शुभ अंक: 3

मकर राशि (Capricorn)

कार्यस्थल पर आपकी मेहनत की सराहना होगी। धन लाभ के योग हैं। पुराने निवेश से फायदा मिल सकता है। स्वास्थ्य सामान्य रहेगा।

शुभ रंग: भूरा
शुभ अंक: 8

कुंभ राशि (Aquarius)

आज रचनात्मक कार्यों में सफलता मिल सकती है। नई योजनाएं भविष्य में लाभदायक साबित होंगी। सामाजिक दायरा बढ़ेगा। विद्यार्थियों के लिए दिन अच्छा है।

शुभ रंग: आसमानी
शुभ अंक: 4

मीन राशि (Pisces)

दिन मिश्रित परिणाम देने वाला रहेगा। कार्यों में जल्दबाजी से बचें। परिवार का सहयोग मिलेगा। आर्थिक मामलों में सावधानी बरतें। मानसिक शांति बनाए रखने का प्रयास करें।

शुभ रंग: बैंगनी
शुभ अंक: 7

आज का विशेष उपाय

गुरुवार के दिन भगवान विष्णु और देवगुरु बृहस्पति की पूजा करें। पीले वस्त्र धारण करें और जरूरतमंदों को पीली वस्तुओं का दान करें। इससे सकारात्मक ऊर्जा और सौभाग्य में वृद्धि हो सकती है।

(नोट: यह राशिफल ज्योतिषीय गणनाओं और सामान्य मान्यताओं पर आधारित है।)

टीएमसी-कांग्रेस संबंधों को लेकर चर्चाएं तेज, विलय की अटकलों के बीच राजनीतिक हलचल

नई दिल्ली/सर्वोदय न्यूज़:- तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) और कांग्रेस के बीच संभावित राजनीतिक समीकरणों को लेकर चर्चाएं एक बार फिर तेज हो गई हैं। कुछ मीडिया रिपोर्टों में दावा किया गया है कि पश्चिम बंगाल की राजनीति में हालिया घटनाक्रमों के बाद दोनों दलों के बीच संगठनात्मक स्तर पर नए विकल्पों पर विचार किया जा रहा है। हालांकि, टीएमसी या कांग्रेस की ओर से ऐसे किसी प्रस्ताव या विलय को लेकर आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।

रिपोर्ट्स के अनुसार, ममता बनर्जी तो टीएमसी का कांग्रेस में विलय करने के लिए तैयार हैं, लेकिन उनके भतीजे अभिषेक बनर्जी ने राहुल गांधी के साथ बैठक में मल्लिकार्जुन खरगे वाला पद मांग लिया। उन्होंने कहा है कि ममता बनर्जी को कांग्रेस राज्यसभा भेजे और वहां नेता विपक्ष का पद भी दे। अभी राज्यसभा में नेता विपक्ष का पद कांग्रेस प्रमुख मल्लिकार्जुन खरगे के पास है।

राजनीतिक मुलाकातों पर बढ़ी अटकलें

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि विपक्षी दलों के नेताओं के बीच लगातार हो रही बैठकों को आगामी राजनीतिक रणनीति और विपक्षी एकजुटता के प्रयासों के तौर पर देखा जा रहा है। हालांकि, इन बैठकों में क्या चर्चा हुई, इसे लेकर दोनों पक्षों की ओर से कोई विस्तृत आधिकारिक जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई है।

यह भी पढ़े: मुख्यमंत्री बनने के बाद पहली बार सोनिया गांधी से मिले विजय, राहुल गांधी के साथ भी हुई अहम बैठक

टीएमसी में असंतोष की खबरें

कुछ रिपोर्टों में टीएमसी के भीतर असंतोष और कुछ नेताओं की नाराजगी का भी दावा किया गया है। हालांकि पार्टी नेतृत्व की ओर से इन दावों पर कोई औपचारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। राजनीतिक पर्यवेक्षकों का कहना है कि ऐसी खबरों की पुष्टि संबंधित दलों के आधिकारिक बयान के बाद ही की जा सकती है।

कांग्रेस और टीएमसी के रिश्तों पर नजर

कांग्रेस और टीएमसी दोनों ही विपक्षी राजनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ऐसे में दोनों दलों के शीर्ष नेताओं की मुलाकातों को राष्ट्रीय राजनीति के संदर्भ में अहम माना जा रहा है। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि भविष्य में दोनों दलों के बीच सहयोग किस रूप में आगे बढ़ेगा।

राजनीतिक हलकों में चर्चाओं का दौर जारी है, लेकिन किसी भी संभावित समझौते, गठबंधन या विलय को लेकर आधिकारिक घोषणा का इंतजार किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री बनने के बाद पहली बार सोनिया गांधी से मिले विजय, राहुल गांधी के साथ भी हुई अहम बैठक

नई दिल्ली/सर्वोदय न्यूज़:- तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने बुधवार को कांग्रेस संसदीय दल की प्रमुख सोनिया गांधी और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी से मुलाकात की। मुख्यमंत्री पद संभालने के बाद सोनिया गांधी के साथ उनकी यह पहली औपचारिक बैठक रही, जबकि राहुल गांधी इससे पहले विजय के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल हो चुके हैं।

राजधानी दिल्ली में हुई इस मुलाकात को राष्ट्रीय राजनीति और विपक्षी गठबंधन की रणनीति के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। ऐसे समय में यह बैठक हुई है जब कांग्रेस विपक्षी एकजुटता को मजबूत करने के प्रयासों में जुटी हुई है।

कांग्रेस-टीवीके रिश्तों पर बढ़ी चर्चा

राजनीतिक गलियारों में इस मुलाकात को कांग्रेस और तमिल वेत्री कड़गम (TVK) के बीच बढ़ती नजदीकियों के संकेत के रूप में देखा जा रहा है। तमिलनाडु में सत्ता परिवर्तन के बाद विजय और कांग्रेस के बीच सहयोग लगातार मजबूत हुआ है।

राज्य की राजनीति में यह समीकरण इसलिए भी अहम माना जा रहा है क्योंकि कांग्रेस के विजय के साथ बढ़ते संबंधों से उसकी लंबे समय से सहयोगी रही डीएमके नाराज बताई जा रही है। ऐसे में कांग्रेस नेतृत्व और विजय की मुलाकात ने भविष्य के राजनीतिक समीकरणों को लेकर नई चर्चाओं को जन्म दे दिया है।

पहले नहीं हो सकी थी मुलाकात

मुख्यमंत्री बनने के बाद विजय जब पहली बार दिल्ली आए थे, तब उन्होंने प्रधानमंत्री से मुलाकात की थी। उस दौरान राहुल गांधी और सोनिया गांधी से भी उनकी मुलाकात की संभावना जताई गई थी, लेकिन कार्यक्रम तय नहीं हो सका था।

अब दोनों पक्षों के बीच हुई यह मुलाकात ऐसे समय में सामने आई है जब कांग्रेस और टीवीके के संबंध पहले की तुलना में अधिक मजबूत माने जा रहे हैं।

INDIA गठबंधन को लेकर बढ़ी अटकलें

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह बैठक भविष्य में विपक्षी गठबंधन INDIA के विस्तार और नए सहयोगियों को जोड़ने की रणनीति का हिस्सा हो सकती है। हालांकि, विजय की पार्टी ने अभी तक औपचारिक रूप से INDIA गठबंधन में शामिल होने को लेकर कोई स्पष्ट घोषणा नहीं की है।

इसके बावजूद कांग्रेस के प्रति विजय का सकारात्मक रुख कई मौकों पर दिखाई दिया है। तमिलनाडु में उनकी सरकार में कांग्रेस को प्रतिनिधित्व मिला है और राज्यसभा की एक सीट भी कांग्रेस को दी गई है।

डीएमके ने उठाए सवाल

टीवीके और कांग्रेस की बढ़ती नजदीकियों पर डीएमके पहले भी सवाल उठा चुकी है। डीएमके का आरोप रहा है कि विजय की पार्टी भाजपा के खिलाफ सीधी राजनीतिक लड़ाई से बचती नजर आती है। वहीं टीवीके का कहना है कि उसका उद्देश्य राज्य के विकास और जनहित के मुद्दों को प्राथमिकता देना है।

फिलहाल राहुल गांधी, सोनिया गांधी और मुख्यमंत्री विजय की इस मुलाकात ने तमिलनाडु से लेकर राष्ट्रीय राजनीति तक कई नए राजनीतिक संकेत दिए हैं, जिन पर आने वाले दिनों में सभी दलों की नजर बनी रहेगी।

NDA सरकार के 12 साल पूरे होने पर पीएम मोदी का कांग्रेस पर निशाना, ‘हिंदू ग्रोथ रेट’ को लेकर साधा हमला

नई दिल्ली/सर्वोदय न्यूज़:- राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) सरकार के 12 वर्ष पूरे होने के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कांग्रेस पर तीखा राजनीतिक हमला बोला। उन्होंने कहा कि देश में दशकों तक रही कांग्रेस की नीतियों और शासन व्यवस्था ने भारत को धीमी आर्थिक प्रगति, निराशा और निर्भरता की ओर धकेला, जबकि उस दौर की आर्थिक चुनौतियों को गलत तरीके से ‘हिंदू ग्रोथ रेट’ का नाम दिया गया।

दिल्ली में आयोजित एनडीए नेताओं की बैठक को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि पिछले 12 वर्षों की सबसे बड़ी उपलब्धि देश को कांग्रेस की नीतिगत सोच और विकास के पुराने मॉडल से बाहर निकालना रही है। उनके अनुसार, लंबे समय तक यह धारणा बनाई गई कि भारत तेज गति से विकास नहीं कर सकता और सीमित आर्थिक वृद्धि ही उसकी नियति है।

‘हिंदू ग्रोथ रेट’ शब्द को लेकर कांग्रेस पर सवाल

प्रधानमंत्री ने कहा कि 1950 से 1980 के दशक के बीच भारत की औसत आर्थिक विकास दर लगभग 3 से 3.5 प्रतिशत रही, जिसे बाद में ‘हिंदू ग्रोथ रेट’ कहा गया। उन्होंने दावा किया कि यह शब्द उस समय की नीतिगत विफलताओं को छिपाने का प्रयास था।

पीएम मोदी के मुताबिक, धीमी विकास दर के लिए भारत की संस्कृति, परंपराओं या समाज को जिम्मेदार ठहराना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि इसकी असली वजह तत्कालीन आर्थिक नीतियां, लाइसेंस-परमिट व्यवस्था और निर्णय लेने की कमजोर प्रक्रिया थी।

12 वर्षों की उपलब्धियां गिनाईं

प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में एनडीए सरकार की विभिन्न उपलब्धियों का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि बीते वर्षों में करोड़ों लोगों को गरीबी से बाहर निकालने का काम किया गया है और भारत तकनीक एवं विनिर्माण के नए क्षेत्रों में तेजी से आगे बढ़ रहा है।

उन्होंने कहा कि सेमीकंडक्टर, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), क्वांटम कंप्यूटिंग, चिप निर्माण, बैटरी स्टोरेज और ड्रोन तकनीक जैसे क्षेत्रों में भारत आत्मनिर्भर बनने की दिशा में काम कर रहा है। उनके अनुसार, ये क्षेत्र देश की आर्थिक और रणनीतिक मजबूती के लिए बेहद महत्वपूर्ण हैं।

अनुच्छेद 370 से लेकर आतंकवाद पर कार्रवाई का जिक्र

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि एनडीए सरकार ने राष्ट्रहित को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। उन्होंने जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाने, पूर्वोत्तर राज्यों में शांति बहाली और आतंकवाद के खिलाफ कड़ी कार्रवाई को सरकार की प्रमुख उपलब्धियों में शामिल किया।

उन्होंने कहा कि पहले जिन मुद्दों पर निर्णय लेने से बचा जाता था, उन पर एनडीए सरकार ने निर्णायक कदम उठाए। साथ ही उन्होंने कहा कि देश अब आतंकवादी गतिविधियों का जवाब मजबूती से देने में सक्षम है।

मध्यम वर्ग और अर्थव्यवस्था पर भी बोले पीएम

प्रधानमंत्री ने करदाताओं को दी गई राहत का उल्लेख करते हुए कहा कि नई कर व्यवस्था के तहत 12 लाख रुपये तक की वार्षिक आय पर कर राहत का लाभ मिल रहा है। उन्होंने दावा किया कि वैश्विक आर्थिक चुनौतियों के बावजूद भारत दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में शामिल है।

यह भी पढ़े: सोना ₹1.50 लाख के नीचे फिसला, निवेशकों के लिए मौका या इंतजार बेहतर? जानिए एक्सपर्ट्स की राय

पीएम मोदी ने कहा कि भारत ने आर्थिक मोर्चे पर उल्लेखनीय प्रगति की है और आने वाले वर्षों में विकसित भारत के लक्ष्य को हासिल करने की दिशा में तेज गति से आगे बढ़ रहा है।

सहयोगी दलों और कार्यकर्ताओं का जताया आभार

अपने संबोधन के अंत में प्रधानमंत्री ने एनडीए के सभी सहयोगी दलों और भाजपा कार्यकर्ताओं का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि सरकार की उपलब्धियां सामूहिक प्रयासों का परिणाम हैं और देश के विकास में करोड़ों नागरिकों की भागीदारी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।

सोना ₹1.50 लाख के नीचे फिसला, निवेशकों के लिए मौका या इंतजार बेहतर? जानिए एक्सपर्ट्स की राय

न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़: वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं और मजबूत अमेरिकी डॉलर के दबाव के बीच सोने और चांदी की कीमतों में बड़ी गिरावट दर्ज की गई है। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर 24 कैरेट सोने का भाव 3,500 रुपये से अधिक टूटकर ₹1,47,489 प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया। इसके साथ ही सोना एक बार फिर ₹1.50 लाख प्रति 10 ग्राम के महत्वपूर्ण स्तर से नीचे आ गया है।

बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि हालिया गिरावट के पीछे अमेरिकी आर्थिक आंकड़ों की मजबूती, बॉन्ड यील्ड में बढ़ोतरी और डॉलर की मजबूती प्रमुख कारण हैं। इन कारकों ने निवेशकों की सुरक्षित निवेश विकल्प के रूप में सोने में रुचि को कुछ हद तक कम किया है।

रिकॉर्ड स्तर से करीब 9 फीसदी टूटा सोना

गौरतलब है कि 13 मई 2026 को केंद्र सरकार द्वारा सोने पर आयात शुल्क बढ़ाए जाने के बाद इसकी कीमतें रिकॉर्ड ₹1,64,500 प्रति 10 ग्राम तक पहुंच गई थीं। हालांकि इसके बाद बाजार में लगातार मुनाफावसूली और वैश्विक दबाव के चलते कीमतों में गिरावट देखने को मिली। मौजूदा स्तर रिकॉर्ड हाई से करीब 9 प्रतिशत नीचे है।

एक्सपर्ट्स ने बताए अहम सपोर्ट और रेजिस्टेंस लेवल

कमोडिटी बाजार के जानकारों के अनुसार सोने के लिए अगला प्रमुख सपोर्ट ₹1,45,000 प्रति 10 ग्राम के आसपास माना जा रहा है। वहीं ₹1,55,000 प्रति 10 ग्राम का स्तर फिलहाल मजबूत रेजिस्टेंस बना हुआ है। जब तक कीमतें इस स्तर को पार नहीं करतीं, तब तक बाजार में मजबूती लौटने की संभावना सीमित मानी जा रही है।

यह भी पढ़े: यूपी पंचायत चुनाव: फाइनल वोटर लिस्ट जारी, 29 लाख से ज्यादा नए मतदाता जुड़े; जौनपुर सबसे आगे

विशेषज्ञों का कहना है कि अमेरिकी फेडरल रिजर्व की ब्याज दरों को लेकर सख्त रुख और डॉलर इंडेक्स में मजबूती सोने पर दबाव बनाए रख सकती है।

मजबूत डॉलर ने बढ़ाया दबाव

कमोडिटी विश्लेषकों के मुताबिक अमेरिकी अर्थव्यवस्था से जुड़े सकारात्मक आंकड़ों के कारण डॉलर मजबूत हुआ है। इससे ब्याज दरों के लंबे समय तक ऊंचे बने रहने की संभावना बढ़ी है। साथ ही बॉन्ड यील्ड में उछाल आने से निवेशकों का रुझान ब्याज देने वाले निवेश विकल्पों की ओर बढ़ा है, जिसका असर सोने की मांग पर दिखाई दे रहा है।

दिल्ली सर्राफा बाजार में भी बड़ी गिरावट

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के सर्राफा बाजार में भी सोने और चांदी की कीमतों में भारी गिरावट दर्ज की गई। 99.9 फीसदी शुद्धता वाला सोना ₹4,300 टूटकर ₹1.56 लाख प्रति 10 ग्राम पर आ गया। वहीं चांदी की कीमत ₹10,000 की गिरावट के साथ ₹2.45 लाख प्रति किलोग्राम रह गई।

पिछले कारोबारी सत्र में सोना ₹1.60 लाख प्रति 10 ग्राम और चांदी ₹2.55 लाख प्रति किलोग्राम के स्तर पर बंद हुई थी।

क्या अभी खरीदारी का सही समय है?

बाजार जानकारों का मानना है कि लंबी अवधि के निवेशकों के लिए मौजूदा गिरावट अवसर साबित हो सकती है। हालांकि अल्पकालिक निवेशकों को वैश्विक आर्थिक संकेतकों, डॉलर की चाल और ब्याज दरों से जुड़े फैसलों पर नजर बनाए रखनी चाहिए। यदि सोना ₹1.45 लाख के स्तर के आसपास स्थिर होता है, तो वहां से नई खरीदारी की संभावना मजबूत हो सकती है।

यूपी पंचायत चुनाव: फाइनल वोटर लिस्ट जारी, 29 लाख से ज्यादा नए मतदाता जुड़े; जौनपुर सबसे आगे

लखनऊ/सर्वोदय न्यूज़:- उत्तर प्रदेश में आगामी त्रिस्तरीय पंचायत चुनावों की तैयारियों के बीच अंतिम मतदाता सूची जारी कर दी गई है। नई सूची के अनुसार राज्य में कुल 12 करोड़ 58 लाख 51 हजार 570 मतदाता पंजीकृत हैं। यह संख्या वर्ष 2021 की पंचायत मतदाता सूची के मुकाबले करीब 29 लाख अधिक है।

राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा कराए गए विशेष पुनरीक्षण अभियान के दौरान बड़ी संख्या में नए मतदाताओं के नाम सूची में शामिल किए गए, जबकि मृत, स्थानांतरित और अयोग्य मतदाताओं के नाम हटाए गए। पुनरीक्षण प्रक्रिया में 2.32 करोड़ नए नाम जोड़े गए, जबकि 2.03 करोड़ नाम हटाए गए, जिसके बाद मतदाताओं की कुल संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज हुई।

जौनपुर बना सबसे बड़ा मतदाता जिला

अंतिम मतदाता सूची के अनुसार जौनपुर प्रदेश का सबसे अधिक मतदाताओं वाला जिला बन गया है, जहां 36.97 लाख मतदाता दर्ज किए गए हैं। इसके बाद प्रयागराज में 34.95 लाख, सीतापुर में 31.18 लाख, गोरखपुर में 29.63 लाख और लखीमपुर खीरी में 28.87 लाख मतदाता हैं।

इसके अलावा हरदोई, गाजीपुर, बलिया, गोंडा और बाराबंकी भी उन जिलों में शामिल हैं जहां मतदाताओं की संख्या 20 लाख से अधिक है।

लखीमपुर खीरी में सबसे ज्यादा बढ़े मतदाता

मतदाता संख्या में वृद्धि के मामले में लखीमपुर खीरी राज्य में शीर्ष पर रहा, जहां 1.38 लाख से अधिक नए मतदाता जुड़े। वहीं बलिया, देवरिया, सिद्धार्थनगर और कुशीनगर में भी एक लाख से अधिक मतदाताओं की बढ़ोतरी दर्ज की गई।

कुछ जिलों में घटी मतदाताओं की संख्या

जहां कई जिलों में मतदाता संख्या बढ़ी है, वहीं कुछ जिलों में कमी भी दर्ज की गई है। गाजीपुर, मैनपुरी, आजमगढ़, आगरा और महोबा में मतदाताओं की संख्या में शुद्ध गिरावट देखने को मिली है।

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राजधानी लखनऊ में अंतिम सूची के अनुसार कुल 10.85 लाख मतदाता दर्ज किए गए हैं। यहां पिछले आंकड़ों की तुलना में 30 हजार से अधिक नए मतदाता जुड़े हैं।

पंचायत चुनाव में देरी, प्रशासकों को मिली अतिरिक्त जिम्मेदारी

पंचायत चुनाव समय पर नहीं होने के कारण राज्य की 57,694 ग्राम पंचायतों में निवर्तमान ग्राम प्रधानों को प्रशासक के रूप में कार्यभार सौंपा गया है। शासन की ओर से जारी निर्देशों के मुताबिक अब प्रशासक किसी भी नए विकास कार्य को शुरू करने से पहले जिला प्रशासन की अनुमति प्राप्त करेंगे।

यह भी पढ़े: वाराणसी में मांस, मछली और पोल्ट्री की दुकानें शहर से बाहर होंगी स्थानांतरित

नए कार्यों के लिए प्रस्ताव जिला पंचायत राज अधिकारी के माध्यम से जिलाधिकारी को भेजा जाएगा और उनकी स्वीकृति मिलने के बाद ही कार्य शुरू हो सकेगा। हालांकि पहले से स्वीकृत, निर्माणाधीन या पूर्ण हो चुके कार्यों का भुगतान और मूल्यांकन पूर्व व्यवस्था के अनुसार जारी रहेगा।

वाराणसी में मांस, मछली और पोल्ट्री की दुकानें शहर से बाहर होंगी स्थानांतरित

वाराणसी/सर्वोदय न्यूज़:- सावन माह शुरू होने से पहले वाराणसी नगर निगम ने शहर के भीतर संचालित मांस, मछली और पोल्ट्री की दुकानों को नगर सीमा से बाहर निर्धारित स्थानों पर स्थानांतरित करने का निर्णय लिया है। इस कदम को लेकर शहर में समर्थन और विरोध दोनों तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।

नगर निगम के जनसंपर्क अधिकारी संदीप श्रीवास्तव के अनुसार, वाराणसी शहर में वर्तमान में लगभग 350 से 400 मांस, मछली और चिकन की दुकानें संचालित हो रही हैं। सावन शुरू होने से पहले इन्हें शहर के बाहरी क्षेत्रों में स्थापित किए जाने की योजना बनाई गई है। इसके लिए रामनगर, सुजाबाद, गणेशपुर, अवलेशपुर और शिवपुर को संभावित स्थानों के रूप में चिन्हित किया गया है।

अधिकारियों का कहना है कि सावन के दौरान धार्मिक कारणों से शहर में मांस बिक्री प्रभावित होती है, जिससे कारोबारियों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। नई व्यवस्था से व्यापारियों को पूरे वर्ष कारोबार जारी रखने में सुविधा मिल सकती है और उनकी आजीविका पर पड़ने वाले प्रभाव को कम किया जा सकेगा।

फैसले का स्वागत, लेकिन उठे कई सवाल

शहर के निवासी अजय शर्मा ने नगर निगम के निर्णय का स्वागत करते हुए कहा कि काशी भगवान विश्वनाथ की नगरी है, जहां देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते हैं। उनके मुताबिक, धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान को ध्यान में रखते हुए यह कदम उचित है। उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि शहर के धार्मिक क्षेत्र से शराब की दुकानों को भी बाहर स्थानांतरित किया जाना चाहिए।

वहीं दूसरी ओर कई स्थानीय लोगों ने इस निर्णय पर चिंता जताई है। बंगाली टोला के निवासी सुब्रत मुखर्जी का कहना है कि मछली और मांस कई परिवारों के दैनिक भोजन का हिस्सा हैं। ऐसे में खरीदारी के लिए शहर से बाहर जाना आम लोगों के लिए व्यावहारिक नहीं होगा। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि मांस की दुकानों को हटाया जा रहा है तो शराब और अन्य नशे से जुड़े प्रतिष्ठानों पर भी समान नीति क्यों नहीं लागू की जा रही।

उपभोक्ताओं और कारोबारियों को होगी परेशानी

मंडुआडीह निवासी अनीश सिंह का मानना है कि इस निर्णय से सभी समुदायों के लोगों को असुविधा का सामना करना पड़ सकता है। उन्होंने कहा कि वर्तमान में लोग अपने आसपास के बाजारों से मांस और मछली खरीद लेते हैं, लेकिन लंबी दूरी तय करना हर किसी के लिए संभव नहीं होगा। साथ ही इससे उपभोक्ताओं का खर्च बढ़ सकता है और ऑनलाइन मीट डिलीवरी कंपनियों को फायदा मिलने की संभावना है।

कांग्रेस ने मांगी वैकल्पिक व्यवस्था

जिला युवा कांग्रेस अध्यक्ष विकास सिंह ने कहा कि वाराणसी की स्वच्छता और सांस्कृतिक विरासत को बनाए रखने के लिए उठाए गए कदमों का स्वागत किया जाना चाहिए, लेकिन प्रशासन को यह भी सुनिश्चित करना होगा कि व्यापारियों की रोजी-रोटी प्रभावित न हो। उन्होंने मांग की कि स्थानांतरण से पहले पर्याप्त वैकल्पिक व्यवस्थाएं की जाएं और शराब की दुकानों को लेकर भी समान नीति पर विचार किया जाए।

व्यापारियों ने जताई चिंता

मांस कारोबार से जुड़े साहिल ने कहा कि यदि दुकानें शहर से दूर स्थानांतरित की जाती हैं तो उनके व्यवसाय पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है। उनका कहना है कि अधिकांश ग्राहक दूर जाकर खरीदारी नहीं कर पाएंगे, जिससे नियमित ग्राहकों की संख्या घट सकती है और बिक्री में गिरावट आ सकती है।

फिलहाल नगर निगम ने स्थानांतरण प्रक्रिया की अंतिम समयसीमा और नई जगहों पर दुकानों के आवंटन संबंधी विस्तृत दिशा-निर्देश जारी नहीं किए हैं। ऐसे में व्यापारी और स्थानीय निवासी आगे की घोषणा का इंतजार कर रहे हैं।

रेल यात्रियों के लिए बड़ी राहत: चलती ट्रेन में भी मिलेगी कंफर्म सीट, वेबसाइट पर दिखेंगी खाली बर्थ

न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:– भारतीय रेलवे यात्रियों की सुविधा बढ़ाने के लिए एक नई व्यवस्था लागू करने जा रहा है। अब यात्री उन ट्रेनों में भी कंफर्म सीट बुक करा सकेंगे जो अपने शुरुआती स्टेशन से रवाना हो चुकी होंगी। रेलवे की तकनीकी इकाई क्रिस (CRIS) द्वारा टीटीई के हैंडहेल्ड टर्मिनल (HHT) को अपग्रेड किया जा रहा है, जिससे यात्रा के दौरान खाली होने वाली सीटों की जानकारी रियल टाइम में आईआरसीटीसी पोर्टल पर उपलब्ध हो सकेगी।

नई व्यवस्था के तहत यदि किसी यात्री के कंफर्म टिकट होने के बावजूद वह यात्रा नहीं करता है, तो टीटीई संबंधित सीट को अपने एचएचटी डिवाइस में खाली दर्ज कर सकेगा। इसके बाद वह सीट तुरंत आईआरसीटीसी की वेबसाइट पर उपलब्ध सीटों की सूची में दिखाई देने लगेगी। ऐसे में रास्ते के किसी भी स्टेशन से यात्रा शुरू करने वाला यात्री उस सीट को ऑनलाइन बुक कर सकेगा।

उदाहरण के तौर पर, यदि गोरखधाम एक्सप्रेस में किसी यात्री की आरक्षित सीट खाली रह जाती है, तो टीटीई उसे सिस्टम में अपडेट करेगा। इसके बाद गोंडा, लखनऊ या अन्य किसी स्टेशन से यात्रा करने वाला यात्री उसी सीट को ऑनलाइन बुक कर सकेगा। बुकिंग पूरी होते ही यात्री की जानकारी टीटीई के डिवाइस में पहुंच जाएगी।

टीटीई का काम पूरी तरह हुआ डिजिटल

रेलवे ने टिकट जांच की प्रक्रिया को पूरी तरह पेपरलेस बना दिया है। एचएचटी डिवाइस के जरिए टीटीई अब सीटों की स्थिति और यात्रियों की जानकारी डिजिटल रूप से अपडेट कर रहे हैं। पहले किसी यात्री के सीट पर मौजूद न मिलने की स्थिति में टीटीई दो स्टेशनों तक उसका इंतजार करता था और तब तक सीट किसी अन्य यात्री को आवंटित नहीं की जाती थी। नई प्रणाली लागू होने के बाद सीटों का आवंटन पहले की तुलना में अधिक तेज और पारदर्शी होगा।

कटिहार-अमृतसर स्पेशल ट्रेन की अवधि बढ़ी

गर्मी के मौसम में यात्रियों की बढ़ती संख्या को देखते हुए रेलवे ने कटिहार-अमृतसर साप्ताहिक स्पेशल ट्रेन के संचालन को आगे बढ़ाने का फैसला किया है। ट्रेन अब तीन अतिरिक्त फेरों के लिए संचालित होगी। यह ट्रेन 15, 22 और 29 जुलाई को कटिहार से तथा 17, 24 और 31 जुलाई को अमृतसर से रवाना होगी। इससे लखनऊ, सीतापुर और शाहजहांपुर सहित कई क्षेत्रों के यात्रियों को लाभ मिलेगा।

ट्रेन में सेकेंड एसी, थर्ड एसी, स्लीपर और जनरल श्रेणी के कोच उपलब्ध रहेंगे।

पुराने और जर्जर कोचों की होगी विशेष जांच

यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए रेलवे ने इंटीग्रल कोच फैक्ट्री (ICF) के कोचों की विशेष जांच के निर्देश जारी किए हैं। हाल ही में लुधियाना स्टेशन पर दिल्ली-श्री माता वैष्णो देवी स्पेशल ट्रेन के एक स्लीपर कोच में दरार मिलने के बाद यह फैसला लिया गया है।

रेलवे अधिकारियों के अनुसार जिन कोचों में अत्यधिक जंग लगी हो या जिनकी मरम्मत पर अधिक खर्च आ रहा हो, उन्हें तत्काल सेवा से हटाया जाएगा। लखनऊ मंडल सहित विभिन्न रेल मंडलों में विशेष निरीक्षण अभियान चलाया जाएगा ताकि यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।

आज का राशिफल, 10 जून 2026: जानें मेष से मीन तक सभी 12 राशियों का भविष्यफल

आज का राशिफल, 10 जून 2026: आज का दिन अधिकांश राशियों के लिए सकारात्मक संकेत लेकर आया है। करियर, व्यापार और पारिवारिक जीवन में कई लोगों को शुभ परिणाम मिल सकते हैं। हालांकि आर्थिक मामलों में सावधानी और सोच-समझकर निर्णय लेना सभी के लिए लाभकारी रहेगा। जाने सभी राशियों का राशिफल-

मेष राशि

आज आत्मविश्वास में वृद्धि होगी। कार्यक्षेत्र में आपके प्रयासों की सराहना हो सकती है। रुका हुआ काम आगे बढ़ेगा। आर्थिक मामलों में सोच-समझकर निर्णय लें। पारिवारिक वातावरण सुखद रहेगा।

शुभ रंग: लाल
शुभ अंक: 9

वृषभ राशि

धैर्य और संयम से काम लेने का दिन है। नौकरीपेशा लोगों को नई जिम्मेदारी मिल सकती है। व्यापार में लाभ के संकेत हैं। सेहत को लेकर लापरवाही न बरतें।

शुभ रंग: सफेद
शुभ अंक: 6

मिथुन राशि

आज नए लोगों से मुलाकात भविष्य में लाभदायक साबित हो सकती है। विद्यार्थियों को सफलता मिलने के योग हैं। खर्चों पर नियंत्रण रखना जरूरी होगा।

शुभ रंग: हरा
शुभ अंक: 5

कर्क राशि

परिवार से जुड़ी कोई अच्छी खबर मिल सकती है। कार्यस्थल पर वरिष्ठ अधिकारियों का सहयोग प्राप्त होगा। निवेश से जुड़े फैसले सोच-विचार कर लें।

शुभ रंग: क्रीम
शुभ अंक: 2

सिंह राशि

भाग्य का साथ मिलने से कई कार्य आसानी से पूरे होंगे। सामाजिक प्रतिष्ठा बढ़ सकती है। कारोबार में नए अवसर मिल सकते हैं। जीवनसाथी के साथ संबंध मधुर रहेंगे।

शुभ रंग: सुनहरा
शुभ अंक: 1

कन्या राशि

आज मेहनत का सकारात्मक परिणाम मिलने की संभावना है। नौकरी और व्यापार दोनों में प्रगति के संकेत हैं। स्वास्थ्य सामान्य रहेगा, लेकिन खानपान पर ध्यान दें।

शुभ रंग: हरा
शुभ अंक: 7

तुला राशि

आज का दिन संतुलन बनाए रखने का है। किसी पुराने विवाद का समाधान निकल सकता है। आर्थिक स्थिति में सुधार होगा। मित्रों से सहयोग मिलेगा।

शुभ रंग: गुलाबी
शुभ अंक: 6

वृश्चिक राशि

कार्यक्षेत्र में प्रतिस्पर्धा बढ़ सकती है, लेकिन आपकी रणनीति सफल रहेगी। परिवार के साथ समय बिताने का अवसर मिलेगा। यात्रा के योग बन रहे हैं।

शुभ रंग: मरून
शुभ अंक: 8

धनु राशि

नए कार्यों की शुरुआत के लिए दिन अनुकूल है। करियर में आगे बढ़ने के अवसर मिल सकते हैं। विद्यार्थियों को पढ़ाई में अच्छे परिणाम प्राप्त होंगे।

शुभ रंग: पीला
शुभ अंक: 3

मकर राशि

आर्थिक मामलों में सतर्कता बरतने की आवश्यकता है। नौकरीपेशा लोगों को नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं। परिवार के बुजुर्गों का आशीर्वाद मिलेगा।

शुभ रंग: नीला
शुभ अंक: 10

कुंभ राशि

आज रचनात्मक कार्यों में सफलता मिल सकती है। व्यापार में लाभ के योग हैं। सामाजिक गतिविधियों में भागीदारी बढ़ेगी। सेहत सामान्य रहेगी।

शुभ रंग: आसमानी
शुभ अंक: 11

मीन राशि

भावनाओं में बहकर कोई बड़ा फैसला न लें। आर्थिक स्थिति मजबूत हो सकती है। परिवार और मित्रों का सहयोग मिलेगा। धार्मिक कार्यों में रुचि बढ़ेगी।

शुभ रंग: पीला
शुभ अंक: 12