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‘शुभमन गिल को टी20 में वापस लाकर भारत ने खुद मसला खड़ा कर लिया’: रॉबिन उथप्पा का बड़ा बयान

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स्पोर्ट्स डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:-टीम इंडिया द्वारा एशिया कप 2025 के लिए शुभमन गिल को टी20 स्क्वॉड में शामिल किए जाने और उपकप्तान बनाए जाने पर पूर्व भारतीय क्रिकेटर रॉबिन उथप्पा ने सवाल उठाए हैं। उथप्पा का मानना है कि यह फैसला न केवल क्रिकेटिंग लॉजिक से इतर है, बल्कि इसमें मार्केटिंग और स्टार वैल्यू जैसे कारकों की भूमिका रही है।

गिल की वापसी पर सवाल

रॉबिन उथप्पा ने अपने यूट्यूब चैनल पर बातचीत में कहा,“शुभमन गिल को टी20 टीम में वापस लाकर भारत ने खुद ही एक मसला खड़ा कर लिया है।”

उथप्पा का इशारा गिल की लंबी गैरमौजूदगी की तरफ था। उन्होंने अपना पिछला टी20 इंटरनेशनल जुलाई 2024 में श्रीलंका के खिलाफ खेला था, जो गौतम गंभीर के कोचिंग कार्यकाल की शुरुआत थी। अब एक साल से ज्यादा समय बाद गिल की वापसी को लेकर क्रिकेट जगत में चर्चाएं तेज़ हैं।

स्टार फैक्टर या क्रिकेटिंग डिसीजन?

उथप्पा ने स्पष्ट तौर पर कहा कि इस चयन के पीछे कुछ हद तक बिज़नेस एंगल भी हो सकता है।“मुझे लगता है कि मार्केटिंग और बिजनेस नैरेटिव का भी इसमें रोल है। टीम चाहती है कि कुछ खास सुपरस्टार खेल को आगे ले जाएं और गिल उनमें से एक हैं।”

उन्होंने संकेत दिया कि भारतीय क्रिकेट में अक्सर कुछ खिलाड़ियों को “स्टार ब्रांड” के रूप में प्रमोट किया जाता है और यही सिलसिला अब भी जारी है।

हालांकि उथप्पा ने स्पष्ट तौर पर नहीं बताया कि “मसला” किसे कहा जा रहा है, लेकिन क्रिकेट विश्लेषकों का मानना है कि उनका इशारा टी20 ओपनिंग जोड़ी की तरफ है।पिछले एक-डेढ़ साल में अभिषेक शर्मा और संजू सैमसन की सलामी जोड़ी बेहतरीन फॉर्म में रही है। ऐसे में गिल की वापसी के बाद यह सवाल उठ रहा है कि ओपनिंग स्लॉट में किसे मौका मिलेगा। संजू सैमसन केरल क्रिकेट लीग में शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं और खुद को बतौर ओपनर साबित कर चुके हैं। वहीं अभिषेक भी तेजी से उभरते हुए बल्लेबाज हैं।

टेस्ट कप्तान से T20 में उपकप्तान

गौरतलब है कि रोहित शर्मा के टेस्ट संन्यास के बाद गिल को टेस्ट टीम की कमान सौंपी गई थी। उन्होंने इंग्लैंड के खिलाफ एंडरसन-तेंदुलकर सीरीज में कमाल का प्रदर्शन करते हुए कई रिकॉर्ड्स तोड़े। ऐसे में उनका सीमित ओवर्स में वापसी करना थोड़ा चौंकाने वाला फैसला माना जा रहा है।

क्रिकेट एक्सपर्ट्स का मानना है कि

  • गिल को वापस लाने का फैसला क्रिकेटिंग लॉजिक के साथ-साथ ब्रांडिंग रणनीति से भी जुड़ा हो सकता है।
  • इससे टीम कॉम्बिनेशन, खासकर ओपनिंग स्लॉट में स्पर्धा और भ्रम की स्थिति बन सकती है।
  • युवा खिलाड़ियों की फॉर्म और निरंतरता को नजरअंदाज करना भविष्य के लिए नुकसानदायक हो सकता है।

एशिया कप 2025 में गिल का प्रदर्शन यह तय करेगा कि यह चयन सही था या नहीं। क्या वह अपने स्टारडम को प्रदर्शन में बदल पाएंगे? और क्या भारत की ओपनिंग जोड़ी का पेच अब और उलझेगा?

Aaj Ka Rashifal 2 September 2025:मेष, वृष और धनु राशि वालों को मिल सकता है लाभ, जानें सभी राशियों के लिए कैसा रहेगा आज का दिन

Aaj Ka Rashifal 2 September 2025: 2 सितंबर 2025 को ग्रहों की चाल कुछ विशेष संकेत दे रही है। गुरु मिथुन में, शुक्र कर्क में, सूर्य-बुध-केतु सिंह में, मंगल कन्या में, चंद्रमा धनु में, राहु कुंभ में और शनि मीन राशि में विराजमान हैं। आइए जानते हैं किस राशि के लिए आज का दिन कैसा रहेगा।

मेष (Aries)

आज भाग्य आपका साथ देगा। कार्यों में आ रही बाधाएं दूर होंगी। नौकरी व व्यवसाय में तरक्की के योग हैं। स्वास्थ्य में सुधार होगा और संतान-पार्टनर का सहयोग मिलेगा।
उपाय: पीली वस्तु अपने पास रखें।

वृषभ (Taurus)

जीवनसाथी का साथ मिलेगा और कार्यक्षेत्र में सफलता मिलेगी। सेहत, प्रेम और व्यापार तीनों ही क्षेत्रों में सकारात्मक परिणाम मिलेंगे।
उपाय: भगवान विष्णु को प्रणाम करें।

मिथुन (Gemini)

परिस्थितियां चुनौतीपूर्ण हो सकती हैं। सेहत को लेकर सतर्क रहें। व्यापार व पारिवारिक स्थिति सामान्य रहेगी।
उपाय: पीली वस्तु का दान करें।

कर्क (Cancer)

विरोधी भी आज मित्रवत व्यवहार कर सकते हैं। स्वास्थ्य को लेकर थोड़ी सावधानी जरूरी है। संतान और व्यापार से संतुष्टि मिलेगी।
उपाय: पीली वस्तु साथ रखें।

सिंह (Leo)

संतान को लेकर चिंता रह सकती है। प्रेम संबंधों में तनाव संभव है। विद्यार्थियों और व्यापारियों के लिए समय अनुकूल है।
उपाय: सूर्य को जल अर्पित करें।

कन्या (Virgo)

घर में वाद-विवाद के संकेत हैं, लेकिन भौतिक सुखों में वृद्धि होगी। माता के स्वास्थ्य में सुधार होगा और व्यापार अच्छा चलेगा।
उपाय: शनि देव को प्रणाम करें।

तुला (Libra)

पराक्रम और आत्मविश्वास में वृद्धि होगी। करियर में उन्नति के योग हैं। संतान और व्यापार में लाभ मिलेगा।
उपाय: पीली वस्तु का दान करें।

वृश्चिक (Scorpio)

धन आगमन के योग हैं। पारिवारिक और सामाजिक संबंधों में मधुरता आएगी। मगर बोलचाल और निवेश पर नियंत्रण जरूरी है।
उपाय: पीली वस्तु पास रखें।

धनु (Sagittarius)

ऊर्जा और आत्मविश्वास में वृद्धि होगी। स्वास्थ्य में सुधार, संतान का सहयोग और व्यापार में लाभ के संकेत हैं।
उपाय: लाल वस्तु अपने पास रखें।

मकर (Capricorn)

मानसिक तनाव और खर्चों में वृद्धि हो सकती है। हालांकि प्रेम और व्यापारिक पक्ष संतुलित रहेंगे।
उपाय: मां काली को प्रणाम करें।

कुंभ (Aquarius)

नई आय के स्रोत बनेंगे। यात्राओं के योग हैं। स्वास्थ्य, व्यापार और पारिवारिक जीवन में संतुलन बना रहेगा।
उपाय: भगवान गणेश को प्रणाम करें।

मीन (Pisces)

व्यापार में स्थिरता आएगी और कोर्ट-कचहरी के मामलों में सफलता मिल सकती है। स्वास्थ्य और परिवार से सहयोग मिलेगा।
उपाय: शिव जी का जलाभिषेक करें।

‘जॉली एलएलबी 3’ ट्रेलर लॉन्च को लेकर छिड़ी बहस: कानपुर या मेरठ? अक्षय कुमार और अरशद वारसी की नोकझोंक ने जीता दिल

फ़िल्मी दुनिया/सर्वोदय न्यूज़:- बहुप्रतीक्षित फिल्म ‘जॉली एलएलबी 3’ के ट्रेलर लॉन्च से पहले ही सोशल मीडिया पर हलचल तेज हो गई है। फिल्म के निर्माताओं ने प्रमोशन के लिए एक अनोखा तरीका अपनाया है, जिसमें अभिनेता अक्षय कुमार और अरशद वारसी के बीच ट्रेलर लॉन्च लोकेशन को लेकर मजेदार बहस छेड़ी गई है। सवाल यह है—ट्रेलर लॉन्च कहां हो? कानपुर या मेरठ?

इस दिलचस्प वीडियो में अक्षय कुमार कानपुर की तारीफ करते नहीं थकते। वे कहते हैं कि “ठग्गू के लड्डू, बदनाम कुल्फी, सुल्तानी दाल, लुच्ची सब्जी और मट्ठा जैसी चीज़ों का असली स्वाद सिर्फ कानपुर में ही मिल सकता है।” ऐसे में, उनका मानना है कि ट्रेलर लॉन्च का मंच कानपुर होना चाहिए।

वहीं दूसरी ओर, अरशद वारसी मेरठ के समर्थन में पूरी ताकत से खड़े नजर आते हैं। वे मेरठ की संस्कृति, ज़ायका और शहर की जीवंतता को ट्रेलर लॉन्च के लिए परफेक्ट बताते हैं। दोनों कलाकारों की इस हाजिरजवाबी और चुटीली बहस ने दर्शकों को खूब गुदगुदाया।

वीडियो में जज की भूमिका निभा रहे अभिनेता सौरभ शुक्ला ने इस बहस को बीच में रोकते हुए अपने चिर-परिचित अंदाज में कहा, “अगर मैंने इन दोनों को और सुना, तो शायद इस हथौड़े का गलत इस्तेमाल हो जाएगा!” इसके बाद वे दर्शकों से अपील करते हैं कि वे खुद फैसला करें—ट्रेलर कहां लॉन्च होना चाहिए, कानपुर में या मेरठ में?

‘जॉली एलएलबी 3’ में फिर दिखेगा अदालत का दिलचस्प नज़ारा

सुभाष कपूर के निर्देशन में बनी यह फिल्म 19 सितंबर 2025 को सिनेमाघरों में रिलीज होगी। फिल्म में अक्षय कुमार और अरशद वारसी एक बार फिर अपने-अपने ‘जॉली’ अवतार में नजर आएंगे। साथ में होंगे सौरभ शुक्ला, हुमा कुरैशी, गजराज राव और अमृता राव जैसे मंझे हुए कलाकार।

पहली दोनों फिल्मों की तरह इस बार भी ‘जॉली एलएलबी 3’ सामाजिक मुद्दों को हास्य और व्यंग्य के अंदाज में पेश करेगी। कोर्टरूम ड्रामा के माध्यम से भारतीय न्याय व्यवस्था की पेचीदगियों और आम आदमी की जद्दोजहद को मनोरंजक अंदाज में दर्शाया जाएगा।

Air Force Agniveer Vayu Recruitment 2025: शुरू हुई आवेदन प्रक्रिया, जानिए योग्यता, सैलरी और चयन प्रक्रिया

न्यूज़ डेस्क /सर्वोदय न्यूज़ :- भारतीय वायु सेना (Indian Air Force) में शामिल होकर देश सेवा करने की चाह रखने वाले युवाओं के लिए एक सुनहरा अवसर है। अग्निवीरवायु भर्ती 2025 (Agniveer Vayu Recruitment 2025) के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। वायु सेना ने इस संबंध में 27 अगस्त को आधिकारिक अधिसूचना जारी की है, और इच्छुक उम्मीदवार 14 सितंबर 2025 तक आवेदन कर सकते हैं।

कैसे करें आवेदन?

  • आवेदन केवल ऑफलाइन माध्यम से स्वीकार किए जाएंगे।
  • विस्तृत अधिसूचना mayurbhanj.odisha.gov.in वेबसाइट पर उपलब्ध है।

महत्वपूर्ण तिथियाँ

प्रक्रिया तिथि
आवेदन शुरू 27 अगस्त 2025
अंतिम तिथि 14 सितंबर 2025
परीक्षा की तारीख (संभावित) जल्द घोषित की जाएगी

योग्यता

  • आयु सीमा:
  • अभ्यर्थी का जन्म 1 जनवरी 2005 से 1 जुलाई 2008 के बीच हुआ होना चाहिए।
  • अधिकतम आयु 21 वर्ष

शैक्षिक योग्यता:
12वीं/इंटरमीडिएट: 50% कुल अंक और अंग्रेज़ी में भी 50% अनिवार्य
2 साल का वोकेशनल कोर्स: कुल 50% और अंग्रेजी में 50%
3 साल का डिप्लोमा कोर्स (मैकेनिकल, इलेक्ट्रिकल, इलेक्ट्रॉनिक्स, ऑटोमोबाइल, कंप्यूटर साइंस, आईटी, इंस्ट्रूमेंटेशन टेक): 50% कुल और अंग्रेजी में 50% आवश्यक

सैलरी स्ट्रक्चर (Pay Scale)

वर्ष मासिक वेतन (₹)
पहला वर्ष ₹30,000
दूसरा वर्ष ₹33,000
तीसरा वर्ष ₹36,500
चौथा वर्ष ₹40,000

साथ में मिलेगा रिस्क और हार्डशिप अलाउंस, रेशनेल, और अन्य लाभ।

चयन प्रक्रिया 

  1. लिखित परीक्षा (Written Exam)
  2. शारीरिक दक्षता परीक्षण (Physical Fitness Test)
  3. मेडिकल परीक्षण (Medical Examination)
  4. दस्तावेज़ सत्यापन (Document Verification)

एडमिट कार्ड और परीक्षा तिथि की जानकारी जल्द ही आधिकारिक वेबसाइट पर जारी की जाएगी।

SCO सम्मेलन में पीएम मोदी का जलवा: ट्रंप के टैरिफ के बीच चीन-रूस से बढ़ाया गठबंधन, भारत को क्या मिला?

न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- शंघाई सहयोग संगठन (SCO) की हालिया शिखर बैठक अब भले ही समाप्त हो चुकी हो, लेकिन इसके राजनीतिक और कूटनीतिक प्रभावों की गूंज विश्व स्तर पर सुनाई दे रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की इस यात्रा को जहां एक ओर अमेरिका के साथ बढ़ते टैरिफ तनाव के बीच देखा जा रहा है, वहीं दूसरी ओर चीन और रूस के साथ भारत की नजदीकी भी अंतरराष्ट्रीय चर्चाओं में है।

इस रिपोर्ट में जानते हैं कि भारत को इस SCO शिखर सम्मेलन से क्या लाभ हुआ, और क्यों ये यात्रा अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के लिए एक स्पष्ट संदेश बन गई।

1. द्विपक्षीय बैठकें: मोदी-शी और मोदी-पुतिन के बीच विशेष संवाद

प्रधानमंत्री मोदी ने इस सम्मेलन में चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग और रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से करीब 50-50 मिनट की द्विपक्षीय बैठकें कीं। पुतिन के विशेष अनुरोध पर दोनों नेता एक ही कार में यात्रा करते हुए भी लंबी बातचीत में लगे रहे — जो एक गहरा राजनयिक संदेश माना जा रहा है।

  • भारत-चीन सीधी उड़ानें बहाल करने पर सहमति।
  • पुतिन की दिसंबर में भारत यात्रा तय।
  • दोनों बैठकों में टैरिफ संकट, यूक्रेन युद्ध, और द्विपक्षीय व्यापार पर बातचीत हुई।

2. कैमरे से परे की कहानी: तस्वीरों ने दिया बड़ा संदेश

जहां औपचारिक बयानबाजी में सतर्कता रही, वहीं अनौपचारिक बातचीत और बॉडी लैंग्वेज ने वैश्विक मंच पर बड़े संदेश दिए। मोदी और पुतिन के बीच गले मिलना, हाथ में हाथ डाले चलना, और शी जिनपिंग से गर्मजोशी से मिलना — इन सबने मिलकर यह दर्शाया कि भारत अब केवल पश्चिम की ओर नहीं देखता।

इन तस्वीरों ने चीन की सोशल मीडिया (वीबो) और सर्च इंजन (बायडू) पर टॉप ट्रेंड हासिल किया। यह घटनाएं अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप की टैरिफ-धमकी रणनीति के जवाब के रूप में देखी जा रही हैं।

3. मोदी-पुतिन की कार डिप्लोमेसी: ट्रंप को जवाब?

डोनाल्ड ट्रंप और व्लादिमीर पुतिन की हाल ही में हुई कार यात्रा के महज दो हफ्तों बाद, पुतिन ने पीएम मोदी को भी अपनी कार में बैठाकर द्विपक्षीय बैठक स्थल तक लाने का फैसला किया। 10 मिनट की दूरी के बावजूद, दोनों नेता कार में ही 45 मिनट तक संवाद करते रहे।

यह घटना राजनीतिक संकेतों से भरी हुई है — यह दिखाता है कि भारत-रूस संबंध केवल औपचारिक नहीं, बल्कि निजी विश्वास पर आधारित हैं

4. संयुक्त वक्तव्य में ‘पहलगाम हमला’: भारत की बड़ी कूटनीतिक जीत

भारत के लिए सबसे महत्वपूर्ण उपलब्धि यह रही कि SCO के संयुक्त बयान में ‘पहलगाम आतंकी हमले’ का स्पष्ट उल्लेख किया गया — जो इससे पहले कभी नहीं हुआ था। पिछली बैठक में इसका उल्लेख न होने पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने मसौदा दस्तावेज पर हस्ताक्षर करने से इनकार कर दिया था।

पीएम मोदी ने इस बार मंच से सीधे सवाल किया:“क्या कुछ देशों द्वारा खुलेआम आतंकवाद को समर्थन देना स्वीकार्य है?”

उन्होंने आतंकवाद पर दोहरे मापदंड पर निशाना साधते हुए पाकिस्तान को कठघरे में खड़ा किया, जबकि प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ भी वहीं मौजूद थे।

5. क्या मोदी बनेंगे ‘शांति दूत’? रूस-यूक्रेन युद्ध पर नया प्रयास

इस यात्रा से पहले पीएम मोदी ने रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की दोनों से दो बार बात की। SCO बैठक में पुतिन के साथ हुई बातचीत में भी यूक्रेन संघर्ष पर गहन चर्चा हुई।

मोदी ने स्पष्ट किया:”संघर्ष को जल्द समाप्त करना और स्थायी शांति स्थापित करना पूरी मानवता की मांग है।”

अब जब पुतिन दिसंबर में भारत आने वाले हैं, तो वैश्विक विश्लेषकों की निगाहें इस पर हैं कि क्या मोदी वास्तव में रूस-यूक्रेन युद्ध में शांति वार्ताओं के सूत्रधार बन सकते हैं।

पहलगाम आतंकी हमला भी बना ठगी का हथियार,साइबर ठगों ने महिला से 43 लाख की ठगी, नोएडा में 3 मामलों में उड़ाए ₹84 लाख

न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- उत्तर प्रदेश के गौतमबुद्ध नगर में साइबर ठगों ने पहलगाम आतंकी हमले और अन्य झूठे बहानों का सहारा लेकर अलग-अलग मामलों में तीन लोगों से कुल ₹84 लाख रुपये की ठगी कर डाली। ठगी के शिकार लोगों में एक 76 वर्षीय अविवाहित महिला, एक नौजवान पेशेवर, और एक सेवानिवृत्त वरिष्ठ नागरिक शामिल हैं। तीनों मामलों में पीड़ितों ने नोएडा के साइबर क्राइम थाना में रविवार रात रिपोर्ट दर्ज कराई।

76 वर्षीय महिला से ‘मुंबई पुलिस’ बनकर 43.70 लाख की ठगी

नोएडा की निवासी सरला देवी (76) ने अपनी शिकायत में बताया कि उन्हें 18 जुलाई को एक महिला का फोन आया, जिसने खुद को एयरटेल अधिकारी ‘नेहा शर्मा’ बताया। उसने दावा किया कि उनके मोबाइल नंबर से जुए और ब्लैकमेलिंग जैसी गतिविधियां की जा रही हैं।

बाद में एक व्यक्ति ने खुद को मुंबई पुलिस का ACP संजय सिंह बताकर वीडियो कॉल पर पुलिस वर्दी में दिखाया और धमकी दी कि उनका नंबर पहलगाम आतंकी हमले से जुड़ा है। गिरफ्तारी से बचने के लिए सरला देवी को ₹43.70 लाख अलग-अलग खातों में ट्रांसफर करने के लिए मजबूर किया गया।

जब आरोपियों ने और ₹15 लाख की मांग की, तब पीड़िता को शक हुआ और उन्होंने वकील से संपर्क किया। वकील की सलाह पर उन्होंने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई।

‘पिता का दोस्त’ बनकर युवक से ₹24 हजार की ठगी

दूसरे मामले में नोएडा सेक्टर 75 के निवासी यीशु मित्तल से एक व्यक्ति ने फोन कर कहा कि वह उनके पिता का दोस्त है और कुछ रुपये लौटाना चाहता है। उसने यीशु से खाता संख्या ली और फिर कहा कि गलती से ज्यादा रकम ट्रांसफर हो गई है, कृपया अतिरिक्त राशि वापस भेज दें। भरोसे में आकर यीशु ने ₹24,068 रुपये वापस ट्रांसफर कर दिए, जिसके बाद आरोपी ने संपर्क तोड़ लिया।

शेयर मार्केट के नाम पर ₹40.5 लाख की धोखाधड़ी

ग्रेटर नोएडा के शाहबेरी निवासी सूर्य मोहन धर (63) से भी ठगों ने शेयर मार्केट में निवेश के नाम पर ₹40.50 लाख ठग लिए। एक महिला ने वॉट्सऐप के जरिए संपर्क कर खुद को शेयर ट्रेडिंग एक्सपर्ट बताया और शुरुआत में कुछ मुनाफा दिखाया।

21 जुलाई से 12 अगस्त के बीच पीड़ित ने अलग-अलग खातों में रकम ट्रांसफर की। बाद में वॉट्सऐप ग्रुप से हटा दिया गया और सभी नंबर बंद कर दिए गए।

पुलिस जांच में जुटी, डीसीपी ने दी चेतावनी

पुलिस उपायुक्त (साइबर अपराध) प्रीति यादव ने कहा कि सभी मामलों में रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है और जांच जारी है। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि किसी भी अज्ञात कॉल, वीडियो कॉल, या फर्जी पहचान के झांसे में न आएं।”अगर कोई पुलिस, बैंक या टेलीकॉम अधिकारी बनकर धमकाए, तो पहले नजदीकी थाने या साइबर सेल में रिपोर्ट करें।”

हाथरस में फिर भगदड़! श्रीदाऊजी मेले में बच्चों के कार्यक्रम के दौरान गिरा प्रशासनिक कैंप, तीन घायल

न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- उत्तर प्रदेश के हाथरस जिले में एक बार फिर से भगदड़ की घटना सामने आई है। सोमवार को श्रीदाऊजी महाराज मेले के दौरान अचानक प्रशासनिक कैंप गिर पड़ा, जिससे मौके पर भगदड़ मच गई। हादसे में दो छात्राओं सहित तीन लोग घायल हुए हैं।

गौरतलब है कि पिछले वर्ष भी हाथरस में सत्संग कार्यक्रम के दौरान मची भगदड़ में 100 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है, जिससे यह इलाका पहले ही संवेदनशील माना जा रहा था।

बच्चों का सांस्कृतिक कार्यक्रम चल रहा था

घटना के समय संगीत, नृत्य और गायन प्रतियोगिता चल रही थी। कार्यक्रम का आयोजन प्रशासनिक कैंप के अंदर हो रहा था, जिसे वाटरप्रूफ बनाया गया था ताकि बारिश से कोई बाधा न हो। इस प्रतियोगिता का शुभारंभ राज्य महिला आयोग की सदस्य रेनू गौड़ ने किया था। आयोजन में कई स्कूल-कॉलेजों के छात्र-छात्राएं भाग ले रहे थे।

तेज बारिश के बीच गिरा कैंप

कार्यक्रम के दौरान अचानक तेज बारिश शुरू हो गई और देखते ही देखते प्रशासनिक कैंप भरभराकर गिर पड़ा। इसके मलबे के नीचे कई लोग दब गए। पुलिस और प्रशासनिक कर्मियों ने तत्काल राहत कार्य शुरू किया और सभी को बाहर निकाला गया। हादसे में घायल दोनों छात्राओं को जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां उनका सीटी स्कैन कराया गया।

करंट लगने की आशंका से मचा हड़कंप

कैंप गिरने के बाद वहां मौजूद साउंड सिस्टम के तारों में करंट आने की आशंका से लोग और ज्यादा घबरा गए। भगदड़ के दौरान छात्र-छात्राएं बदहवास हालत में इधर-उधर भागते नजर आए। पूर्व पालिकाध्यक्ष आशीष शर्मा व उनकी टीम ने मौके पर पहुंचकर घायलों का हालचाल जाना और राहत में सहयोग किया।

 कर्मचारियों ने किया कैंप दुरुस्त

तेज बारिश रुकने के बाद करीब दो घंटे तक कर्मचारी कैंप की मरम्मत और व्यवस्था को फिर से सामान्य करने में जुटे रहे। हादसे के कारण कार्यक्रम भी कुछ देर के लिए स्थगित करना पड़ा।

यूपी पंचायत चुनाव: वोटर लिस्ट से हट सकते हैं 1.25 करोड़ नाम! EC को अखिलेश यादव ने बताया ‘जुगाड़ आयोग’

लखनऊ /सर्वोदय न्यूज़:- उत्तर प्रदेश में आगामी पंचायत चुनाव से पहले वोटर लिस्ट में बड़े बदलाव की खबरें सामने आ रही हैं। एक समाचार चैनल की रिपोर्ट में दावा किया गया है कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की मदद से 1.25 करोड़ मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटाए जा सकते हैं। इस रिपोर्ट पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए समाजवादी पार्टी (सपा) अध्यक्ष अखिलेश यादव ने चुनाव आयोग पर गंभीर सवाल उठाए हैं।

अखिलेश का EC पर हमला: “अब यह जुगाड़ आयोग बन गया है”

अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) पर लिखा:”चुनाव आयोग अब ‘जुगाड़ आयोग’ बन चुका है। अगर AI से 1.25 करोड़ वोटर पहचान लिए गए हैं, तो फिर हमारे द्वारा दिए गए 18,000 हलफनामों का जवाब क्यों नहीं दिया गया?”

उन्होंने चैनल की उस रिपोर्ट को भी साझा किया जिसमें दावा किया गया है कि अलग-अलग गांवों में डुप्लीकेट वोटरों की पहचान कर उनके नाम हटाए जा रहे हैं।

“18 हजार हलफनामों में से सिर्फ 14 का जवाब”

अखिलेश ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग, भाजपा और जिला प्रशासन की तिकड़ी ने सपा द्वारा सौंपे गए 18,000 शपथ पत्रों में से सिर्फ 14 का ही जवाब दिया है।”हमने जो सबूत दिए हैं, उन पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। यह चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर बड़ा प्रश्नचिन्ह है।”

उन्होंने यह भी कहा कि ‘वोट डकैती’ देश के लोकतंत्र पर हमला है और आयोग इसमें मूक दर्शक बना हुआ है।

विश्वविद्यालयों पर भी साधा निशाना

इसी बीच, अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर विश्वविद्यालयों को “संगी-साथीकरण” (राजनीतिकरण) का आरोप भी लगाया। उन्होंने कहा:”भाजपा ने विश्वविद्यालयों को अपने एजेंडे का केंद्र बना दिया है। इससे पढ़ाई, छात्रों का भविष्य और शिक्षण प्रणाली सब प्रभावित हो रहे हैं। भाजपा जाए तो शिक्षा आए।”

AI से हटेंगे वोटर?

समाचार चैनल की रिपोर्ट के अनुसार, पंचायत चुनाव की तैयारी के तहत AI तकनीक से डुप्लीकेट और फर्जी मतदाताओं की पहचान की जा रही है। इस प्रक्रिया के तहत 1.25 करोड़ नामों को सूची से हटाया जा सकता है। हालांकि, चुनाव आयोग की तरफ से इस पर आधिकारिक बयान अभी नहीं आया है।

राजनीतिक माहौल गरमाया

कांग्रेस नेता राहुल गांधी पहले ही ‘वोट चोरी’ के मुद्दे को लेकर हमलावर हैं और ‘वोटर अधिकार यात्रा’ के तहत पूरे देश में अभियान चला रहे हैं। अब अखिलेश यादव का चुनाव आयोग पर यह हमला इस बात का संकेत है कि विपक्ष ने चुनावी पारदर्शिता को बड़ा मुद्दा बनाने का फैसला कर लिया है।

एटम बम के बाद अब हाइड्रोजन बम की बारी है, मोदी जनता को चेहरा नहीं दिखा पाएंगे”: पटना में गरजे राहुल गांधी

पटना/सर्वोदय न्यूज़:- कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने शनिवार को पटना में जनसभा को संबोधित करते हुए भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि लोकसभा चुनाव 2024 में कथित “वोट चोरी” को उजागर करना सिर्फ एटम बम था, अब हाइड्रोजन बम की बारी है। राहुल ने दावा किया कि जल्द ही पूरे देश को सच्चाई का पता चल जाएगा और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जनता को चेहरा नहीं दिखा पाएंगे।

“वोट चोरी लोकतंत्र की हत्या”

पटना में ‘वोटर अधिकार यात्रा’ के समापन अवसर पर INDIA गठबंधन के बड़े नेताओं के साथ आयोजित रैली में राहुल गांधी ने कहा:”महादेवपुरा में वोट चोरी का एटम बम फोड़ा था, अब हाइड्रोजन बम लाएंगे। जिन लोगों ने महात्मा गांधी की हत्या की, वही अब संविधान और लोकतंत्र की हत्या करना चाहते हैं। हम उन्हें ऐसा नहीं करने देंगे।”

उन्होंने कहा कि वोट चोरी का मतलब सिर्फ चुनावी अनियमितता नहीं बल्कि जनता के अधिकार, आरक्षण और भविष्य की डकैती है।

‘सबूत के साथ आएंगे’

राहुल ने यह भी दावा किया कि कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कागज़ की मतदाता सूचियों की जाँच कर फर्जी वोटर लिस्ट का खुलासा किया है। इस प्रक्रिया में 17 घंटे तक लगातार काम किया गया और आधार व फोटो मिलान कर फर्जीवाड़ा पकड़ा गया।”हमने बेंगलुरु सेंट्रल की विधानसभा सीट में एक लाख से ज्यादा फर्जी वोटर्स की पहचान की है। इससे पूरे देश की आंखें खुलेंगी।”

“राशन कार्ड और जमीन भी छिन रही है”

राहुल गांधी ने यह भी आरोप लगाया कि सरकार सिर्फ वोट नहीं चुरा रही, बल्कि आम लोगों की जमीन, राशन कार्ड और अधिकार भी कॉर्पोरेट घरानों को सौंप रही है।”अगर ये लोग सफल हो गए, तो अडाणी-अंबानी को आपकी हर चीज सौंप दी जाएगी।”

बिहार के युवाओं को संदेश

राहुल गांधी ने अपने भाषण में बिहार को एक क्रांतिकारी प्रदेश बताते हुए युवाओं से आह्वान किया:”बिहार ने देश को संदेश दिया है कि हम वोट चोरी नहीं होने देंगे। यह आंदोलन सिर्फ बिहार का नहीं, पूरे भारत का है।” उन्होंने जनसभा में ‘वोट चोर’ के नारे भी लगवाए और INDIA गठबंधन की एकजुटता को दोहराया।

उत्तर प्रदेश में आज से ‘नो हेलमेट, नो फ्यूल’ नियम लागू

न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़ :- उत्तर प्रदेश में सड़क सुरक्षा को लेकर आज से एक नया सख्त नियम लागू हो गया है। ‘नो हेलमेट, नो फ्यूल’ (No Helmet, No Fuel) अभियान के तहत अब राज्यभर के पेट्रोल पंपों पर बिना हेलमेट बाइक चालकों को पेट्रोल या डीजल नहीं मिलेगा। यह विशेष अभियान 1 सितंबर से 30 सितंबर 2025 तक चलेगा।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नागरिकों से इस अभियान में सहयोग की अपील की है और इसे एक सुरक्षा आंदोलन करार दिया है। उनका कहना है कि उद्देश्य दंड देना नहीं, बल्कि हर व्यक्ति को कानून का पालन करने के लिए प्रेरित करना है।

डीएम के नेतृत्व में चलेगा अभियान

‘नो हेलमेट, नो फ्यूल’ मुहिम को जिला सड़क सुरक्षा समिति (DRSC) की निगरानी में लागू किया जाएगा। इस अभियान में परिवहन विभाग, खाद्य एवं रसद विभाग, और स्थानीय प्रशासन की भूमिका अहम रहेगी।

परिवहन आयुक्त ब्रजेश नारायण सिंह ने पेट्रोल पंप संचालकों से अपील की है कि वे बिना हेलमेट आने वाले दोपहिया वाहन चालकों को ईंधन न दें। उन्होंने यह भी कहा कि, “हेलमेट की आदत जल्द लगती है, हमें बस एक शुरुआत करनी है।”