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18 महीने में 18 चिट्ठियां लिखीं, EC मौन; राहुल गांधी का चुनाव आयोग पर बड़ा हमला: वोटर लिस्ट से नाम हटाने की साजिश

नई दिल्ली/सर्वोदय न्यूज़:- कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने चुनाव आयोग (EC) और मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार पर बड़ा आरोप लगाते हुए कहा है कि देशभर में कांग्रेस समर्थक मतदाताओं, विशेषकर दलितों और ओबीसी समुदाय से आने वाले लोगों के वोट जानबूझकर हटाए जा रहे हैं। उन्होंने इसे एक “स्वचालित, विकेंद्रीकृत और सुनियोजित” साजिश करार दिया।

गुरुवार को कांग्रेस मुख्यालय में आयोजित विशेष प्रेस कॉन्फ्रेंस में राहुल गांधी ने दावा किया कि पिछले 18 महीनों में कर्नाटक CID ने चुनाव आयोग को इस संबंध में 18 बार पत्र लिखा, लेकिन आयोग की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं दी गई। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि मुख्य चुनाव आयुक्त ‘वोट चोरों’ को संरक्षण दे रहे हैं।

वोट डिलीशन का उदाहरण: कर्नाटक का आलंद विधानसभा क्षेत्र

राहुल गांधी ने कर्नाटक के आलंद विधानसभा क्षेत्र का उल्लेख करते हुए कहा कि वहां 6,018 वोट डिलीट करने की कोशिश की गई। यह मामला तब सामने आया जब एक बूथ लेवल अधिकारी ने पाया कि उसके चाचा का नाम वोटर लिस्ट से गायब है। जांच में पता चला कि यह वोट किसी बाहरी मोबाइल नंबर और आईपी एड्रेस से डिलीट किया गया, और इससे संबंधित व्यक्ति को इसकी जानकारी तक नहीं थी।

14 सेकंड में 12 वोट डिलीट

प्रेस कॉन्फ्रेंस में राहुल गांधी ने कुछ प्रभावित मतदाताओं को भी मीडिया के सामने पेश किया। इनमें से एक सूर्यकांत नामक मतदाता ने बताया कि महज 14 सेकंड में उनके नाम से 12 वोट डिलीट कर दिए गए, जबकि उन्होंने खुद ऐसा कोई अनुरोध नहीं किया था।

दलित और पिछड़े समुदायों को टारगेट करने का आरोप

राहुल ने आरोप लगाया कि यह अभियान सिर्फ कर्नाटक तक सीमित नहीं है, बल्कि महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश और हरियाणा में भी इसी तरह के मामले सामने आए हैं। उन्होंने कहा कि यह साजिश मुख्यतः कांग्रेस समर्थक मतदाताओं को निशाना बनाकर की जा रही है। उनका कहना है कि कर्नाटक के अलावा महाराष्ट्र के राजुरा में भी हजारों मतदाता जोड़ने और हटाने की गड़बड़ियां सामने आई हैं।

चुनाव आयोग को 7 दिन का अल्टीमेटम

राहुल गांधी ने मुख्य चुनाव आयुक्त को सात दिनों का अल्टीमेटम देते हुए कहा कि चुनाव आयोग मतदाता सूची से हटाए गए नामों की पूरी जानकारी सार्वजनिक करे। उन्होंने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि “यह असली H-बम नहीं है, असली H-बम अभी बाकी है,” और संकेत दिए कि आने वाले समय में और बड़े खुलासे होंगे।

राहुल गांधी का यह बयान ऐसे समय आया है जब देश में चुनावी प्रक्रियाओं की निष्पक्षता पर बहस तेज हो गई है। अब देखना होगा कि चुनाव आयोग इस पर क्या प्रतिक्रिया देता है।

Bigg Boss 19: अकेले पड़ते ही बसीर अली ने खेला मास्टर स्ट्रोक, वोट पाने के लिए चली चाल

मनोरंजन/सर्वोदय न्यूज़:- टीवी के सबसे चर्चित और विवादित रियलिटी शो ‘Bigg Boss 19’ में इस समय हर दिन समीकरण बदल रहे हैं। शो में सुबह जो दोस्त होते हैं, वही शाम तक दुश्मन बन जाते हैं। मजबूरी में कंटेस्टेंट्स अपने विरोधियों को भी दोस्त बना लेते हैं। अब ऐसा ही कुछ बसीर अली के साथ हो रहा है।

अमाल और जीशान से टूटा रिश्ता

बसीर अली का गेम पिछले कुछ दिनों से फीका पड़ा हुआ था। कैप्टेंसी खत्म होने के बाद वो सुस्त दिखाई दे रहे थे। घर में उनका सबसे मजबूत कनेक्शन अमाल मलिक और जीशान कादरी के साथ था, लेकिन शहबाज बदेशा के आने के बाद ये दोस्ती भी टूट गई।
नॉमिनेशन टास्क ने इस बात पर मुहर लगा दी। बसीर को बचाने के लिए किसी ने भी वोट नहीं दिया। जीशान ने तान्या और शहबाज को बचाया, जबकि अमाल ने नीलम और जीशान को। ऐसे में बसीर पूरी तरह अकेले पड़ गए।

अकेलेपन से उभरे बसीर ने बदला गेम

अकेले पड़ने के बाद बसीर अली काफी मायूस नजर आए। लेकिन फिर उन्होंने गेम बदलने का मास्टर स्ट्रोक खेला। उन्होंने वही कदम उठाया जिसकी उम्मीद किसी को नहीं थी।

नेहल चुडासमा से फिर दोस्ती की कोशिश

बसीर और नेहल चुडासमा के बीच हाल ही में जमकर लड़ाई हुई थी। वीकेंड का वार पर बसीर ने नेहल को सबके सामने अपमानित भी किया था। इसके बाद नेहल ने फरहाना भट्ट का साथ पकड़ लिया था। लेकिन अब वोट बटोरने के लिए बसीर फिर से नेहल के पास पहुंचे और दोस्ती का हाथ बढ़ाया।

बसीर ने नेहल से कहा कि उनकी लड़ाई का फायदा बाकी कंटेस्टेंट उठा रहे हैं। इससे साफ हो गया कि बसीर फिर से वोट और सपोर्ट हासिल करने के लिए नेहल से नजदीकियां बढ़ाना चाहते हैं।

मास्टर स्ट्रोक या मजबूरी?

अगर बसीर नेहल के साथ हाथ मिलाते हैं, तो उन्हें फरहाना का सपोर्ट भी मिल सकता है। अमाल और जीशान पर भरोसा टूटने के बाद बसीर का नया प्लान यही है कि वो नेहल के साथ आकर फिर से गेम में अपनी पकड़ मजबूत करें।

AIMIM नेता शौकत अली की जुबान काटने पर 11 लाख का इनाम – सुभासपा नेता का विवादित बयान

न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- उत्तर प्रदेश की राजनीति में उस वक्त नया विवाद खड़ा हो गया जब सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) के प्रदेश महासचिव शिवेंद्र बहादुर सिंह ने AIMIM नेता शौकत अली को लेकर भड़काऊ बयान दे दिया।

उन्होंने कहा:”जो भी AIMIM नेता शौकत अली की जुबान काटकर लाएगा, उसे ₹11 लाख इनाम दिया जाएगा।” यह बयान उस समय आया जब शौकत अली ने कथित तौर पर महाराजा सुहेलदेव को ‘लुटेरा’ कह दिया। शिवेंद्र सिंह ने इसे “मुगलिया सोच” का प्रतीक बताया।

बहराइच जिले के तिकोनी बाग इलाके में आयोजित AIMIM के कार्यक्रम में शौकत अली ने यह कथित बयान दिया था।
इस पर तिलक राम मिश्रा नामक व्यक्ति ने देहात कोतवाली में FIR दर्ज कराई है। इसमें AIMIM के प्रदेश अध्यक्ष शौकत अली और जिलाध्यक्ष फिरोज बागवान पर देश की एकता और सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने के आरोप हैं।

सुभासपा कार्यकर्ताओं का विरोध प्रदर्शन:

शौकत अली के विवादित बयान के खिलाफ सुभासपा कार्यकर्ताओं में आक्रोश है। बलिया में बुधवार को डीएम कार्यालय पर प्रदर्शन के अलावा रसड़ा में पार्टी के केंद्रीय कार्यालय मीरनगंज से शौकत अली के पुतले का साथ बाइक जुलूस निकाला गया। बयान के विरोध में नारेबाजी करते हुए कस्बा में भ्रमण कर चंद्रशेखर आजाद चौराहे पर पुतला फूंका।

“जिस संत की आंखें नहीं, सोचिए उनके कितने पाप” — चंद्रशेखर आजाद का रामभद्राचार्य पर तीखा वार

न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- उत्तर प्रदेश के नगीना से सांसद चंद्रशेखर आजाद ने जगद्गुरु रामभद्राचार्य के मिनी पाकिस्तान वाले बयान पर निशाना साधा। सांसद चंद्रशेखर आजाद ने कहा कि मेरठ में एक कथा चल रही है। जो अपने आपको संत कहते हैं। वे मेरठ में आकर कहते हैं कि मिनी पाकिस्तान में आ गए हैं। पहले तो उनको दिखता नहीं है। वो खुद कहते हैं बचपन से मेरी आंखें नहीं हैं। ऐसे में एक संत ऐसे हैं जिनकी आंखें नहीं हैं। सोचिए उनके कितने पाप होंगे। जनता को उनसे ज्ञान लेना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि संत की न कोई जाति होती है, न कोई धर्म होता है।

क्या कहा चंद्रशेखर आजाद ने?

बरेली में हुए प्रबुद्धजन सम्मेलन के दौरान नगीना से सांसद और आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के अध्यक्ष चंद्रशेखर आजाद ने मेरठ में चल रही रामकथा और उसमें दिए गए “मिनी पाकिस्तान” बयान को लेकर जगद्गुरु रामभद्राचार्य पर सीधा हमला बोला।

उन्होंने कहा:”मेरठ में एक कथा चल रही है। जो अपने आपको संत कहते हैं, वो कहते हैं कि ‘मिनी पाकिस्तान’ में आ गए हैं। पहले तो उनको दिखता नहीं है, वो खुद कहते हैं कि उनकी आंखें नहीं हैं। सोचिए ऐसे संत के कितने पाप होंगे, जिसकी आंखें नहीं हैं।”

“संत न किसी जाति के होते हैं, न किसी धर्म के”

चंद्रशेखर ने कहा कि संतों को जोड़ने का काम करना चाहिए, लेकिन बंटवारे और नफरत का प्रचार करने वाले खुद को संत कहते हैं, यह समाज और धर्म दोनों के लिए खतरनाक है।”जनता को उनसे ज्ञान लेना पड़ रहा है, जो खुद दृष्टिहीन हैं। संतों को जोड़ने का काम करना चाहिए, तोड़ने का नहीं।”

संविधान और सामाजिक न्याय की बात

प्रबुद्धजन सम्मेलन में चंद्रशेखर आजाद ने यह भी कहा कि:संविधान पर खतरा मंडरा रहा है,सरकारी विभागों का निजीकरण तेज़ी से हो रहा है, नौकरियां खत्म की जा रही हैं, साथ ही जातिगत जनगणना की मांग फिर दोहराई|उन्होंने कहा कि “1931 के बाद से जातिगत जनगणना नहीं हुई है। मंडल कमीशन की सिफारिशें लागू होनी चाहिए। आर्थिक गणना भी साथ में की जाए।”

नगीना सांसद ने कहा कि ईवीएम से लंबे समय से चुनाव हो रहे हैं। जनता का भरोसा कम हो रहा है। बैलेट पेपर से होना चाहिए। उन्होंने कहा कि किसानों पर कुदरत की मार है। न जमीन बची न फसल, फिर छुट्टा पशुओं ने फसल को बर्बाद किया। गुलदार और तेंदुओं की वजह से किसान खेत में नहीं जा पा रहा है। इन सरकारों को गरीबों के खून से सनी दीवारें नहीं दिखाई देती है। चारों तरफ से किसानों की आफत आ गई। यूरिया की व्यवस्था भी सरकार नहीं करा पा रही है।

उत्तराखंड में फिर कहर: चमोली में बादल फटा, 12 मकान मलबे में दबे, कई लोग लापता

न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- उत्तराखंड के चमोली ज़िले में बीती रात एक बार फिर प्राकृतिक आपदा ने विकराल रूप ले लिया। बुधवार देर रात करीब 2:30 बजे, नंदानगर क्षेत्र के फाली कुंतरी, सैंती कुंतरी, भैंसवाड़ा और धुर्मा गांवों के ऊपर अचानक बादल फटने से भारी तबाही मच गई।

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, 12 मकान पूरी तरह मलबे में दब चुके हैं। अकेले कुंतरी लंगाफली वार्ड में 6 मकान ध्वस्त हो गए। हादसे में कम से कम 8 लोग लापता हैं, वहीं 2 लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया है।

आपको बतादें कि कई घरों का नामोनिशान मिट गया है| लोग रातोंरात बेघर होकर सड़कों पर निकल आए हैं| मोक्ष नदी का जलस्तर अचानक बढ़ने से दहशत का माहौल हो गया |धुर्मा गांव में भी 4-5 मकान बर्बाद हो गए ,सड़कों पर भारी मलबा, बिजली व इंटरनेट बाधित हो गया है |

तहसीलदार राकेश देवली ने पुष्टि की कि प्रशासन की टीमें मौके पर भेजी जा चुकी हैं।SDRF की टीम नंदप्रयाग पहुंच गई है, वहीं NDRF गोचर से रवाना हो चुकी है। CMO ऑफिस के अनुसार, तीन 108 एम्बुलेंस और मेडिकल टीम भेजी गई हैं।

जिला अधिकारी संदीप तिवारी ने बताया:“अब तक 10-12 मकान पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुके हैं। राहत केंद्रों की पहचान हो चुकी है, लोगों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाया जा रहा है।”

सोशल मीडिया पर वायरल मंजर:

सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में देखा जा सकता है कि नदी अपने उफान पर है, सड़कें टूटी हुई हैं और लोगों में दहशत का माहौल है।

पहले भी हुआ था हादसा:

गौरतलब है कि नंदानगर क्षेत्र में 10 दिन पहले भी बादल फटा था। इस साल का मानसून चमोली जिले के लिए बेहद घातक साबित हो रहा है।

पाकिस्तान ने क्यों नहीं किया एशिया कप 2025 का बहिष्कार? PCB चीफ मोहसिन नकवी ने किया खुलासा

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स्पोर्ट्स डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- एशिया कप 2025 में यूएई के खिलाफ अहम मुकाबले से पहले पाकिस्तान ने काफी ड्रामा किया। भारत से 14 सितंबर को खेले गए मैच के बाद “हैंडशेक विवाद” ने तूल पकड़ लिया, और पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) लगातार आईसीसी पर मैच रेफरी एंडी पाइक्रॉफ्ट को हटाने का दबाव बना रहा था।

मैच के दिन पाकिस्तान की टीम एक घंटे देरी से मैदान पर उतरी। इसी दौरान PCB चेयरमैन मोहसिन नकवी, पूर्व चेयरमैन नजम सेठी और पूर्व कप्तान रमीज राजा ने संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पूरे मामले पर सफाई दी।

मोहसिन नकवी ने क्या कहा?

नकवी ने बताया कि,”बहिष्कार का फैसला बहुत बड़ा होता है, और हम इस पर नजर रखे हुए थे। प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ समेत कई सरकारी अधिकारियों के परामर्श और समर्थन के बाद तय किया गया कि टीम टूर्नामेंट खेलेगी।”

उन्होंने यह भी जोड़ा कि एंडी पाइक्रॉफ्ट ने पाकिस्तान टीम के कोच, कप्तान और मैनेजर से बात की और हैंडशेक विवाद पर अफसोस जताया। नकवी ने कहा,”राजनीति और खेल को अलग रखना चाहिए। क्रिकेट को खेल ही रहने देना चाहिए।”

रमीज राजा का बड़ा आरोप – पाइक्रॉफ्ट भारत के ‘फिक्स्ड’ रेफरी?

पूर्व कप्तान और कमेंटेटर रमीज राजा ने इस विवाद को और गंभीर बना दिया। उन्होंने कहा,”एंडी पाइक्रॉफ्ट 90 से ज्यादा बार भारत के मैचों में रेफरी रह चुके हैं। यह पक्षपातपूर्ण लगता है। एक न्यूट्रल प्लेटफॉर्म पर ऐसा नहीं होना चाहिए।” रमीज ने यह भी कहा कि प्रेजेंटेशन सेरेमनी में भारतीय कप्तान सूर्यकुमार यादव की बातों से भी माहौल खराब हुआ।

Aaj Ka Rashifal 18 September 2025: जानिए आज कैसा रहेगा आपका दिन!

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Aaj Ka Rashifal 18 September 2025, गुरुवार — आज ग्रह-नक्षत्रों की चाल कई राशियों के लिए शुभ संकेत लेकर आई है। गुरु मिथुन में, चंद्रमा स्वग्रही कर्क राशि में विराजमान हैं, वहीं शुक्र और केतु सिंह में, सूर्य-बुध कन्या में, मंगल तुला में, राहु कुंभ में और शनि मीन राशि में गोचर कर रहे हैं। आइए जानते हैं, इस खास दिन पर सभी 12 राशियों के लिए क्या कहता है राशिफल:

मेष राशि (Aries):

पारिवारिक तनाव से रहें सावधान। हालांकि भौतिक सुख-सुविधाओं में बढ़ोतरी संभव है। मां का सहयोग मिलेगा। प्रेम और संतान पक्ष मजबूत रहेगा। व्यापारिक स्थिति भी बेहतर रहेगी। उपाय: हरी वस्तु का दान करें।

वृषभ राशि (Taurus):

व्यवसाय में स्थिरता और सफलता मिलेगी। परिजनों का सहयोग प्राप्त होगा। सेहत में सुधार दिखेगा। प्रेम और संतान को लेकर दिन शुभ है। उपाय: काली माता को प्रणाम करें।

मिथुन राशि (Gemini):

आर्थिक लाभ के संकेत हैं। परिवार में वृद्धि और लिक्विड फंड में इजाफा हो सकता है। निवेश से बचें। स्वास्थ्य उत्तम रहेगा। प्रेम, संतान और व्यापार सभी अनुकूल हैं। उपाय: हरी वस्तु अपने पास रखें।

कर्क राशि (Cancer):

शुभ समय की शुरुआत। सकारात्मक ऊर्जा का संचार महसूस होगा। प्रेम जीवन, संतान और व्यापार सभी में प्रगति के संकेत हैं। उपाय: लाल वस्तु पास रखें।

सिंह राशि (Leo):

अत्यधिक खर्च से तनाव हो सकता है। सिर दर्द या आंखों की तकलीफ हो सकती है। इसके बावजूद प्रेम और व्यापार की स्थिति संतोषजनक रहेगी। उपाय: काली माता को प्रणाम करें।

कन्या राशि (Virgo):

कार्यस्थल पर सफलता और अधिकारियों का समर्थन मिलेगा। कोर्ट-कचहरी में विजय के योग हैं। आय के नए स्रोत बन सकते हैं। प्रेम, संतान और स्वास्थ्य उत्तम रहेगा। उपाय: हरी वस्तु अपने पास रखें।

तुला राशि (Libra):

भाग्य का साथ मिलेगा। करियर में उन्नति होगी और पितृ पक्ष से सहयोग मिलेगा। संपत्ति से जुड़ी स्थितियां भी अनुकूल होंगी। स्वास्थ्य, प्रेम और व्यापार तीनों ही क्षेत्र बेहतर रहेंगे। उपाय: शिवजी का जलाभिषेक करें।

वृश्चिक राशि (Scorpio):

यात्रा और धार्मिक गतिविधियों में भागीदारी के योग हैं। सेहत में सुधार होगा। हालांकि प्रेम और संतान पक्ष थोड़ा सामान्य रहेगा। व्यापार अच्छा चलेगा। उपाय: पीली वस्तु अपने पास रखें।

धनु राशि (Sagittarius):

सावधानी बरतें — चोट या विवाद की संभावना है। स्वास्थ्य थोड़ा प्रभावित रह सकता है, लेकिन व्यापारिक स्थिति और प्रेम-संतान पक्ष संतुलित रहेंगे। उपाय: लाल वस्तु पास रखें।

मकर राशि (Capricorn):

जीवनसाथी का सहयोग और करियर में प्रगति के योग हैं। सेहत उत्तम रहेगी। प्रेम और संतान से जुड़ी खुशियां मिलेंगी। व्यापार में उन्नति संभव है। उपाय: काली माता को नमन करें।

कुंभ राशि (Aquarius):

शत्रुओं पर विजय के संकेत हैं, लेकिन सतर्क रहना जरूरी है क्योंकि वे सक्रिय रह सकते हैं। सेहत में थोड़ी गिरावट संभव है। प्रेम और व्यापार सामान्य रहेंगे। उपाय: सफेद वस्तु का दान करें।

मीन राशि (Pisces):

भावनाओं पर नियंत्रण रखें। पढ़ाई-लिखाई और नई शुरुआत के लिए दिन अनुकूल है, खासकर विद्यार्थियों के लिए। प्रेम और व्यापार ठीक-ठाक रहेंगे। उपाय: पीली वस्तु अपने पास रखें।

Railway Apprentice Recruitment 2025: 10वीं पास के लिए रेलवे में 1763 पदों पर भर्ती

न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- Railway Apprentice Recruitment 2025:रेलवे में सरकारी नौकरी का इंतज़ार कर रहे युवाओं के लिए बड़ी खुशखबरी है। रेलवे भर्ती सेल (RRC), प्रयागराज ने उत्तर मध्य रेलवे में 1763 अप्रेंटिस पदों पर भर्ती के लिए अधिसूचना जारी की है। इस भर्ती के लिए 10वीं और ITI पास उम्मीदवार आवेदन कर सकते हैं।

आवेदन प्रक्रिया 18 सितंबर 2025 से शुरू होगी और इच्छुक उम्मीदवार 17 अक्टूबर 2025 तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। आवेदन करने के लिए उम्मीदवारों को आधिकारिक वेबसाइट rrcpryj.org पर जाना होगा।

Railway Apprentice Vacancy 2025 – मुख्य जानकारी

विवरण जानकारी
संगठन का नाम रेलवे भर्ती सेल (RRC), प्रयागराज
विभाग उत्तर मध्य रेलवे (NCR)
पद का नाम अप्रेंटिस (Apprentice)
कुल पद 1763
आवेदन की शुरुआत 18 सितंबर 2025
आवेदन की अंतिम तिथि 17 अक्टूबर 2025
ऑफिशियल वेबसाइट rrcpryj.org

योग्यता (Eligibility Criteria)

  • उम्मीदवार ने किसी मान्यता प्राप्त बोर्ड से 10वीं/मैट्रिक कम से कम 50% अंकों के साथ उत्तीर्ण की हो।
  • संबंधित ट्रेड में आईटीआई (ITI) प्रमाणपत्र अनिवार्य है।

आयु सीमा (Age Limit)

  • 15 वर्ष से कम और 24 वर्ष से अधिक आयु के उम्मीदवार योग्य नहीं माने जाएंगे (कट-ऑफ डेट: 16 सितंबर 2025)।
  • आरक्षित वर्गों के लिए छूट:
  • SC/ST: 5 वर्ष
  • OBC: 3 वर्ष
  • PwBD: 10 वर्ष

आवेदन शुल्क (Application Fee)

श्रेणी आवेदन शुल्क
सामान्य/ओबीसी वर्ग ₹100
SC/ST/PwBD/महिला/ट्रांसजेंडर ₹0 (शुल्क नहीं देना होगा)

भुगतान ऑनलाइन मोड से ही किया जाएगा।

भर्ती प्रक्रिया व चयन

  • इस भर्ती प्रक्रिया के तहत किसी प्रकार की लिखित परीक्षा या इंटरव्यू नहीं होगा।
  • चयन पूरी तरह से मेरिट लिस्ट पर आधारित होगा, जो 10वीं और ITI में प्राप्त अंकों के आधार पर बनेगी।

कैसे करें आवेदन? (How to Apply)

  1. आधिकारिक वेबसाइट rrcpryj.org पर जाएं।
  2. Apprentice Recruitment 2025” लिंक पर क्लिक करें।
  3. रजिस्ट्रेशन करें और लॉगिन के बाद फॉर्म भरें।
  4. सभी जरूरी डॉक्यूमेंट्स अपलोड करें।
  5. आवेदन शुल्क का भुगतान करें और फॉर्म सबमिट करें।
  6. भविष्य के लिए फॉर्म की एक कॉपी डाउनलोड कर लें।

लखनऊ: डॉ. पंकज कुमार बने सिविल डिफेंस लोहियानगर के डिप्टी डिवीजनल वार्डन

लखनऊ/सर्वोदय न्यूज़:- लखनऊ सिविल डिफेंस संगठन में युवाओं को बढ़ावा देने की पहल के तहत डॉ. पंकज कुमार को प्रखंड लोहियानगर में डिप्टी डिवीजनल वार्डन का दायित्व सौंपा गया है। इस महत्वपूर्ण जिम्मेदारी की घोषणा लखनऊ की जिलाधिकारी एवं सिविल डिफेंस कंट्रोलर श्रीमती विशाखा जी. द्वारा की गई। डॉ. कुमार आगामी तीन वर्षों तक इस पद पर कार्यरत रहेंगे।

नियुक्ति की प्रक्रिया

इस नियुक्ति की पुष्टि करते हुए लखनऊ सिविल डिफेंस मुख्यालय प्रभारी मनोज वर्मा ने बताया कि संगठन में युवाओं की भागीदारी बढ़ाने की दिशा में यह कदम उठाया गया है। सिविल डिफेंस उपनियंत्रक रविन्द्र कुमार ने मुख्यालय में आयोजित एक समारोह में डॉ. पंकज कुमार को नियुक्ति पत्र सौंपा।

डॉ. पंकज कुमार की प्रतिक्रिया

नव-नियुक्त डिप्टी डिवीजनल वार्डन डॉ. पंकज कुमार ने कहा: यह मेरे लिए गर्व और जिम्मेदारी का क्षण है। मैं प्रखंड लोहियानगर को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के लिए पूर्ण ईमानदारी और मेहनत से कार्य करूंगा।”

समारोह में उपस्थित अधिकारीगण

इस अवसर पर लखनऊ सिविल डिफेंस के वरिष्ठ अधिकारी और वार्डन्स भी मौजूद रहे: अमरनाथ मिश्रा – चीफ वार्डन, गुरप्रीत सिंह सेठी – डिप्टी चीफ, ऋतुराज रस्तोगी – स्टाफ अफसर चीफ, रेखा पांडेय – सहायक उपनियंत्रक, सुनील तिवारी – डिवीजनल वार्डन, कमलेश सिंह – नवनियुक्त स्टाफ अफसर,पंकज पंत – लिपिक सहित अन्य कई वरिष्ठ वार्डन्स और पदाधिकारी मौजूद रहे | सभी ने डॉ. पंकज कुमार को बधाई दी और उनके उज्ज्वल कार्यकाल की कामना की।

एथेनॉल से खराब हो रहे इंजन? मोदी सरकार ने बताया सच और आगे की रणनीति

न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- पेट्रोल में 20% तक एथेनॉल मिलाने को लेकर लोगों में फैली चिंताओं पर मोदी सरकार ने साफ जवाब दिया है। तेल एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने स्पष्ट किया कि एथेनॉल मिश्रण से इंजन को कोई नुकसान नहीं हो रहा है, और इस संबंध में जो भी दावे किए जा रहे हैं, वे गलत और भ्रामक हैं।

कुछ समय से सोशल मीडिया और ऑटो सेक्टर में यह बात तेजी से फैल रही थी कि 20% एथेनॉल ब्लेंडेड पेट्रोल (E20) से वाहनों की माइलेज कम हो रही है, और इंजन पर बुरा असर पड़ रहा है। इस मुद्दे पर न केवल आम लोग बल्कि ऑटो इंडस्ट्री भी चिंता जता रही थी।

हरदीप सिंह पुरी ने इन आशंकाओं को खारिज करते हुए कहा:“2014 में एथेनॉल की ब्लेंडिंग महज़ 1.4% थी, जो अब 20% हो गई है। यह बड़ी उपलब्धि है, लेकिन अब इसे यहीं रोक देना चाहिए। मेरे हिसाब से अब फुल स्टॉप लगाना चाहिए।”

उन्होंने यह भी साफ किया कि एथेनॉल की मात्रा को 20% से बढ़ाकर 30% करने का कोई ठोस प्रस्ताव फिलहाल सरकार के पास नहीं है।

2030 तक 30% एथेनॉल ब्लेंडिंग?

हालांकि, एक इंटर-मिनिस्ट्रियल कमेटी इस बात पर विचार कर रही है कि क्या 2030 तक एथेनॉल की मात्रा को बढ़ाया जा सकता है। लेकिन पुरी ने कहा कि अभी तक कोई अंतिम निर्णय नहीं लिया गया है। उन्होंने यह भी जोड़ा कि:”कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में कहा गया कि जल्द ही एक और बड़ी छलांग लगेगी। लेकिन मैं कहूंगा कि यह सब गलत है।”

गडकरी की सफाई और किसानों का फायदा

केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी भी एथेनॉल को लेकर कई बार विवादों में रहे हैं। उन पर आरोप लगा कि वे एथेनॉल को इसलिए बढ़ावा दे रहे हैं क्योंकि उनके बेटे का इससे जुड़ा व्यवसाय है।
गडकरी ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा था: “किसानों को एथेनॉल से बड़ा फायदा हो रहा है। यह पर्यावरण के लिए भी लाभदायक है। मेरे पास ईमानदारी से 200 करोड़ रुपये महीने कमाने वाला दिमाग है। फिर मैं गलत क्यों करूंगा?”

ऑटो कंपनियों की भूमिका पर भी सवाल

पुरी ने यह भी कहा कि ऑटोमेकर्स ने समय पर अपनी प्रतिक्रिया नहीं दी, जिससे लोगों में भ्रम की स्थिति पैदा हुई। ऑटो कंपनियों की स्पष्ट राय ना आने से नीतियों के कार्यान्वयन में दिक्कतें आईं।

सरकार का अगला कदम क्या होगा?

फिलहाल E20 तक ही एथेनॉल मिश्रण रहेगा। 30% ब्लेंडिंग को लेकर कोई फाइनल प्लान नहीं है। इंजन से जुड़ी चिंताओं को टेस्टिंग और डेटा के माध्यम से क्लियर किया जाएगा।