न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- पाकिस्तान और बांग्लादेश के बीच 14 वर्षों के अंतराल के बाद सीधी विमान सेवा फिर से शुरू हो गई है। बांग्लादेश की राजधानी ढाका से उड़ान भरकर एक यात्री विमान गुरुवार को पाकिस्तान के कराची स्थित जिन्ना अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर उतरा। इसके साथ ही दोनों देशों के बीच एक दशक से अधिक समय बाद हवाई संपर्क बहाल हो गया है।
इस घटनाक्रम पर भारत सरकार ने भी सतर्क रुख अपनाया है और स्थिति पर लगातार निगरानी रखे हुए है।
कराची एयरपोर्ट पर हुआ पारंपरिक स्वागत
पाकिस्तान एयरपोर्ट अथॉरिटी (PAA) के अनुसार, बिमान बांग्लादेश एयरलाइंस की फ्लाइट BG-341 गुरुवार शाम ढाका से कराची पहुंची। प्राधिकरण ने एक बयान में कहा कि यह पिछले 14 सालों में ढाका से कराची पहुंचने वाली पहली सीधी उड़ान है।
कराची एयरपोर्ट पर विमान के उतरते ही वॉटर सैल्यूट देकर पारंपरिक तरीके से स्वागत किया गया। PAA ने इसे पाकिस्तान और बांग्लादेश के संबंधों में नया अध्याय बताया है।
हफ्ते में दो बार उड़ानें, अस्थायी लाइसेंस जारी
सूत्रों के मुताबिक, बिमान बांग्लादेश एयरलाइंस ढाका-कराची रूट पर सप्ताह में दो उड़ानें संचालित करेगी। हालांकि, एयरलाइन को फिलहाल 30 मार्च तक का अस्थायी लाइसेंस दिया गया है, जिसके दौरान संचालन और सुरक्षा स्थिति की समीक्षा की जाएगी।
भारत सरकार ने क्या कहा?
इस बीच भारत सरकार ने स्पष्ट किया है कि वह इस पूरे घटनाक्रम से अवगत है। विदेश राज्य मंत्री कीर्ति वर्धन सिंह ने गुरुवार को राज्यसभा में एक लिखित उत्तर में बताया कि सरकार ने ढाका-कराची के बीच सीधी वाणिज्यिक उड़ानों की शुरुआत से जुड़ी रिपोर्टों पर संज्ञान लिया है।
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उन्होंने कहा,“भारत सरकार ने बिमान बांग्लादेश द्वारा ढाका-कराची सेक्टर पर सीधी उड़ानें शुरू करने के प्रस्ताव को नोट किया है।”
भारतीय हवाई क्षेत्र को लेकर क्या स्थिति है?
विदेश मंत्रालय से यह भी पूछा गया था कि क्या बांग्लादेश, पाकिस्तान या किसी एयरलाइन ने भारतीय हवाई क्षेत्र के उपयोग को लेकर कोई अनुरोध किया है। इस पर मंत्री ने बताया कि“1978 में भारत और बांग्लादेश के बीच हुए द्विपक्षीय वायु सेवा समझौते के तहत सभी प्रासंगिक पहलुओं पर विचार करने के बाद उड़ान संबंधी अनुरोधों को निपटाया गया है।”
सरकार ने संकेत दिया कि भारत राष्ट्रीय सुरक्षा और कूटनीतिक हितों को ध्यान में रखते हुए पूरे मामले पर नजर बनाए हुए है।



