न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- मध्य प्रदेश समेत देश के कुछ राज्यों में कफ सिरप पीने से बच्चों की मौत के मामले सामने आने के बाद उत्तर प्रदेश स्वास्थ्य विभाग अलर्ट मोड में आ गया है। संभावित विषैले रसायनों की मौजूदगी को देखते हुए कफ सिरप की बिक्री, वितरण और उपयोग पर तत्काल रोक लगा दी गई है।
उक्त कफ सिरप में डाईएथिलीन ग्लाइकाल और एथिलीन ग्लाइकाल जैसे जानलेवा रसायनों की आशंका जताई गई है, जिनका सेवन स्वास्थ्य के लिए बेहद हानिकारक हो सकता है। स्रेशन फार्मास्युटिकल्स द्वारा निर्मित कोल्ड आरआईएफ़ सिरप के एक खास बैच को संदेह के घेरे में रखा गया है।
स्वास्थ्य विभाग ने क्या कहा?
राज्य के सहायक औषधि आयुक्त दिनेश कुमार तिवारी ने रविवार को आदेश जारी करते हुए कहा कि सभी जिलों के औषधि निरीक्षकों को निर्देशित किया गया है कि संबंधित बैच के कफ सिरप की बिक्री तत्काल रोकी जाए और उपलब्ध स्टॉक के नमूने लखनऊ स्थित राज्य औषधि प्रयोगशाला में भेजे जाएं।
यह भी पढ़े:- Punjab and Sind Bank भर्ती 2025: मैनेजर के 190 पदों पर भर्ती…
“जब तक जांच रिपोर्ट नहीं आ जाती, तब तक संबंधित सिरप का इस्तेमाल पूर्ण रूप से बंद रखा जाए। किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।” – दिलीप कुमार तिवारी, सहायक आयुक्त (औषधि)
जांच के दायरे में ये रसायन
कफ सिरप के जिन नमूनों को संदिग्ध बताया जा रहा है, उनमें डाईएथिलीन ग्लाइकाल (Diethylene Glycol) और एथिलीन ग्लाइकाल (Ethylene Glycol) जैसे रसायन पाए गए हैं। ये दोनों रसायन: गुर्दों को गंभीर नुकसान पहुंचा सकते हैं साथ ही मस्तिष्क और तंत्रिका तंत्र पर असर डाल सकते हैं इसके अलावा बच्चों और बुजुर्गों के लिए जानलेवा हो सकते हैं|
सभी अस्पतालों को सख्त निर्देश
सरकारी और निजी अस्पतालों के साथ-साथ सभी दवा दुकानों और थोक वितरकों को निर्देश दिया गया है कि:संबंधित कफ सिरप बेचें नहीं, मरीजों को यह सिरप दें नहीं, स्टॉक में उपलब्ध सिरप के नमूने भेजें सके साथ ही ऑनलाइन रिपोर्ट तत्काल दर्ज करें |
क्या हो सकती है अगली कार्रवाई?
यदि लखनऊ लैब की जांच रिपोर्ट में विषैले रसायनों की पुष्टि होती है, तो निर्माता कंपनी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जायेगी इतना ही नहीं लाइसेंस निलंबन या रद्द करने की प्रक्रिया हो सकती है साथ ही स्टॉक की जब्ती की सकती है इसके अलावा वितरकों पर दंडात्मक कार्रवाई भी संभव है |
यूपी सरकार ने क्या कहा?
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सरकार ने सभी जिलाधिकारियों और सीएमओ को निर्देश दिया है कि इस मामले को शीर्ष प्राथमिकता पर लिया जाए,किसी भी तरह की कोताही न बरती जाए जनता को जागरूक किया जाए साथ ही स्वास्थ्य सुविधाओं को तत्पर रखा जाए |
जनता से अपील
स्वास्थ्य विभाग ने अभिभावकों और आम नागरिकों से अपील की है कि बच्चों को बिना डॉक्टर की सलाह कोई सिरप न दें |बाजार से खरीदे गए कोल्ड आरआईएफ़ सिरप के बैच नंबर को चेक करें |किसी भी साइड इफेक्ट की स्थिति में तुरंत नजदीकी अस्पताल जाएं |



