लखनऊ/सर्वोदय:- ट्रेन में सफ़र कर रहे यात्रियों को सफर करने के लिए टिकट होना जरूरी होता है. यहां तक कि अगर आप रेलवे प्लेटफार्म पर जाते है तो उसके लिए भी आपके पास प्लेटफार्म टिकट होना चाहिए. ट्रेन में बिना टिकट यात्रा करना अपराध है और बिना टिकट यात्रा करते पकड़े जाने पर रेलवे जुर्माना भी वसूलता है, जो अक्सर टिकट के कीमत से काफी ज्यादा होता है. कई बार ऐसा भी होता है कि ट्रेन टिकट गुम हो जाता है या फट जाता है | टिकट खो जाने या फट जाने से यात्री परेशान हो जाता है. लेकिन, अगर आपके साथ भी ऐसा हो तो आपको घबराना नहीं है.अगर आपने रिजर्वेशन कराया है तो टिकट खो जाने पर आप बड़ी आसानी से डुप्लीकेट या दूसरी टिकट बनवा सकते हैं |
अलग-अलग श्रेणी के लिए डुप्लीकेट टिकट बनवाने के नियम और फीस अलग-अलग हैं.साथ ही आपको बतादेंकि यात्रा के दौरान टिकट खो या फट जाने पर यात्री ट्रेन में टीटीई के पास जाकर डुप्लीकेट टिकट बनवा सकता है. अगर आपने यात्रा शुरू नहीं की है तो आप टिकट काउंटर पर जाकर भी डुप्लीकेट टिकट बनवा सकते हो.
भारतीय रेलवे की आधिकारिक वेबसाइट indianrail.gov.in के अनुसार, डुप्लीकेट टिकट लेने के लिए आपको कुछ शुल्क का भुगतान करना होगा. स्लीपर क्लास और सेकेंड के लिए डुप्लीकेट टिकट बनवाने के लिए 50 रुपये देने होते हैं. इनसे ऊपर की श्रेणी के लिए के डुप्लीकेट टिकट बनवाने के लिए आपको 100 रुपये फीस देनी होगी.
अगर रिजर्वेशन चार्ट बनने के बाद कंफर्म टिकट गुम हो जाता है तो किराये का 50 फीसदी भुगतान डुप्लीकेट टिकट बनवाने के लिए आपको करना पड़ेगा. अगर आपका खोया ओरिजिनल टिकट मिल जाता है तो आप दोनों टिकटों को ट्रेन छूटने से पहले रेलवे काउंटर पर दिखाकर डुप्लीकेट टिकट के लिए चुकाए धनराशि को वापस ले सकते हैं.खोए टिकट के लिए आपको रिफंड नहीं मिलेगा.
साथ ही यदि किसी यात्री का टिकट कंफर्म होने के बाद फट गया है तो उसे डुप्लीकेट टिकट के लिए किराए का 25 फीसदी भुगतान करने के बाद ही टिकट मिलेगी. लेकिन यहां गौर करने वाली बात यह है कि वेटिंग लिस्ट वाली फटी हुई टिकट गुम होने पर आप डुप्लीकेट टिकट नहीं बनवा सकते.



