न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले में एक साहसिक घटना सामने आई है, जिसने पूरे इलाके को हैरान कर दिया। नूरपुर ब्लॉक क्षेत्र की ग्राम पंचायत मंझौला बिल्लौच के मजरा नजरपुर मंडैयो गांव में बुधवार को जंगल में पत्ती बीनने गए एक अधेड़ व्यक्ति पर गुलदार ने हमला कर दिया। लेकिन मौके पर मौजूद उसकी बेटी ने अदम्य साहस दिखाते हुए गुलदार से भिड़कर अपने पिता की जान बचा ली।
जानकारी के मुताबिक, 55 वर्षीय रफीक पुत्र ननुवा अपनी 32 वर्षीय बेटी केसर जहां के साथ गांव के पास जंगल में पशुओं के लिए गन्ने की पत्तियां बीनने गए थे। इसी दौरान झाड़ियों में छिपे गुलदार ने अचानक रफीक पर हमला कर दिया और उसके पैर को अपने जबड़े में दबा लिया।
अचानक हुए इस हमले से कुछ पल के लिए घबराई केसर जहां ने हिम्मत नहीं हारी। उसने पास में रखा गन्ना उठाया और गुलदार के मुंह पर लगातार कई वार किए। बेटी के साहसिक प्रतिरोध के आगे गुलदार कुछ ही पलों में रफीक को छोड़कर जंगल की ओर भाग गया।
घटना के बाद केसर जहां ने तुरंत गांव पहुंचकर ग्रामीणों को सूचना दी। मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने खून से लथपथ रफीक को इलाज के लिए एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उसकी हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है।
ग्रामीणों का कहना है कि बीते छह महीने से क्षेत्र में गुलदार की आवाजाही बनी हुई है, जिससे लोगों में भय का माहौल है। भाजपा के चांदपुर विधानसभा प्रभारी सतवीर सिंह मलिक ने बताया कि ग्रामीणों की शिकायत पर वन विभाग ने करीब 15 दिन पहले गुलदार को पकड़ने के लिए पिंजरा लगाया था, लेकिन उसमें चारा न डाले जाने के कारण गुलदार उसमें नहीं फंस सका।
तार में फंसा गुलदार का शावक, रेस्क्यू के दौरान मची अफरातफरी
इसी क्षेत्र में गुलदार से जुड़ी एक और घटना सामने आई है। चांदपुर-धनौरा मार्ग स्थित आइडियल इंटर कॉलेज के पास एक गुलदार का शावक पेड़ पर लगे तार में फंस गया। राहगीरों ने शावक की दहाड़ सुनकर वन विभाग को सूचना दी।
बताया गया कि बुधवार सुबह आइडियल पब्लिक स्कूल के पास अमरूद के पेड़ में लिपटे तार में गुलदार का शावक किसी समय फंस गया था। वन विभाग की टीम जब मौके पर पहुंची और रेस्क्यू की कोशिश की, तभी शावक अचानक तार से निकलकर भाग गया, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई।
वन क्षेत्राधिकारी दुष्यंत कुमार ने बताया कि इलाके में मादा गुलदार की मौजूदगी की सूचना मिली है। इसके चलते क्षेत्र में ट्रैप कैमरे लगाए जा रहे हैं और निगरानी बढ़ा दी गई है।



