न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- बिहार के भोजपुर जिले में भरत भूषण तिवारी एनकाउंटर मामले को लेकर बुधवार को उनके पैतृक गांव बिलौटी में आयोजित महापंचायत में सरकार को तीन दिन का अल्टीमेटम दिया गया। महापंचायत में बड़ी संख्या में लोगों ने हिस्सा लिया और मामले की निष्पक्ष जांच तथा आरोपित पुलिसकर्मियों की गिरफ्तारी की मांग की।
सभा में वक्ताओं ने कहा कि यदि भरत भूषण तिवारी के श्राद्ध कर्म की अवधि समाप्त होने तक आरोपी पुलिस अधिकारियों और कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई, तो आंदोलन को राष्ट्रीय स्तर पर विस्तारित किया जाएगा। महापंचायत में पटना में विधानसभा घेराव और दिल्ली के जंतर-मंतर पर अनिश्चितकालीन धरना शुरू करने की भी चेतावनी दी गई।
बिहार से लेकर यूपी और दिल्ली तक से पहुंचे लोग
महापंचायत से पहले सुबह से ही कुड़वा शिव मंदिर परिसर में लोगों का जुटान शुरू हो गया था। हाथों में तिरंगा और भरत तिवारी के पोस्टर लिए लोग नारे लगाते हुए सभा स्थल पहुंचे। भोजपुर, बक्सर और रोहतास समेत उत्तर प्रदेश के बलिया, देवरिया, मिर्जापुर तथा दिल्ली सहित कई स्थानों से लोग कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे।
भीड़ के चलते आसपास के इलाकों में यातायात प्रभावित रहा और फोरलेन सड़क पर वाहनों की लंबी कतारें देखी गईं। सभा स्थल और भरत तिवारी के घर के आसपास बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी रही।
न्याय की मांग को लेकर उठी आवाज
महापंचायत में मौजूद लोगों ने एक स्वर में कहा कि यह केवल एक व्यक्ति का मामला नहीं, बल्कि न्याय और जवाबदेही से जुड़ा मुद्दा है। कार्यक्रम में कई सामाजिक और राजनीतिक हस्तियों ने भी हिस्सा लिया और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की।
प्रशांत किशोर ने दी आंदोलन की चेतावनी
जन सुराज के सूत्रधार Prashant Kishor ने महापंचायत को संबोधित करते हुए कहा कि यदि 15 दिनों के भीतर पीड़ित परिवार को न्याय नहीं मिला तो मुख्यमंत्री आवास का घेराव किया जाएगा। उन्होंने मामले की जांच किसी कार्यरत न्यायाधीश की निगरानी में कराने और जांच के दायरे में एसटीएफ की भूमिका को भी शामिल करने की मांग की।
प्रशांत किशोर ने कार्यक्रम से पहले भरत तिवारी के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें न्याय दिलाने का भरोसा भी दिया।
एसडीपीओ राजेश शर्मा का तबादला
इस बीच पुलिस मुख्यालय ने जगदीशपुर के तत्कालीन एसडीपीओ राजेश कुमार शर्मा को उनके पद से हटाकर मुख्यालय में योगदान देने का निर्देश दिया है। उनकी जगह मद्य निषेध एवं राज्य स्वापक नियंत्रण ब्यूरो के डीएसपी पंकज कुमार मिश्रा की तैनाती की गई है।
गौरतलब है कि भरत भूषण तिवारी की मौत के मामले में दर्ज प्राथमिकी में एसडीपीओ राजेश कुमार शर्मा समेत कई पुलिसकर्मियों को आरोपी बनाया गया है। मामले की जांच और प्रशासनिक कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।



