न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़ (बिहार):- बिहार विधानसभा चुनाव से पहले राष्ट्रीय जनता दल (राजद) को बड़ा झटका लगा है। पूर्व राज्यसभा सांसद और कुढ़नी विधानसभा सीट से विधायक रह चुके अनिल सहनी ने बुधवार को RJD छोड़कर भारतीय जनता पार्टी (BJP) की सदस्यता ले ली। वह इस चुनाव में लालू यादव और तेजस्वी यादव के स्टार प्रचारक के रूप में घोषित किए गए थे।
पटना स्थित भाजपा मीडिया सेंटर में आयोजित मिलन समारोह में केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान और अन्य वरिष्ठ नेताओं की उपस्थिति में अनिल सहनी ने भाजपा जॉइन की। उनके साथ पूर्व विधायक आशा देवी भी भाजपा में शामिल हुईं।
एलटीसी घोटाले में विधायकी गई, कोर्ट ने लगाया बैन
अनिल सहनी ने 2020 में कुढ़नी सीट से भाजपा के केदार प्रसाद गुप्ता को हराया था। लेकिन एलटीसी घोटाले में दो साल की सजा मिलने के बाद उनकी विधायकी चली गई और कोर्ट ने उन्हें 3 साल के लिए चुनाव लड़ने से भी रोक दिया। इसके बाद 2022 के उपचुनाव में भाजपा ने वही सीट फिर से जीत ली।
राजनीतिक सफर और पाला बदलने की वजह
अनिल सहनी पहले जेडीयू में थे और वहीं से राज्यसभा पहुंचे थे। बाद में उन्होंने राजद का दामन थामा। इस बार वह अपने बेटे के लिए कुढ़नी सीट से टिकट चाहते थे।
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बतादें कि लालू-तेजस्वी ने बबलू कुशवाहा को टिकट दिया, जिससे सहनी नाराज़ हो गए। उन्होंने राजद नेतृत्व पर अति पिछड़ों का अपमान करने का आरोप लगाया है।
स्टार प्रचारक होते हुए भाजपा में जॉइनिंग
गौरतलब है कि अनिल सहनी राजद की घोषित 40 स्टार प्रचारकों की सूची में शामिल थे। उसके बावजूद उन्होंने न केवल पार्टी छोड़ी, बल्कि खुलकर नेतृत्व की आलोचना भी की। इससे राजद को चुनाव से पहले राजनीतिक और सामाजिक दोनों स्तरों पर नुकसान हो सकता है।



