लखनऊ/सर्वोदय:-लखनऊ में सीबीआई के एक एएसआई पर दिनदहाड़े धनुष-बाण से हमला करने वाले आरोपी दिनेश मुर्मू को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पूछताछ में आरोपी ने जो खुलासे किए हैं, वह चौंकाने वाले हैं। उसने दावा किया कि वह ‘पौराणिक न्याय का दूत’ है और उसने भगवान राम की तरह अन्याय के खिलाफ तीर चलाया है। इस घटना का CCTV फुटेज भी सामने आया है।
क्यों किया गया ASI वीरेंद्र सिंह पर हमला?
आरोपी दिनेश मुर्मू, जो बिहार के मुंगेर जिले के खड़कपुर का रहने वाला है, ने पुलिस को बताया कि साल 1993 में वह रेलवे में कार्यरत था। उस दौरान उसने एक सहकर्मी को 200 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ पकड़ा और इसकी शिकायत कर दी। जांच सीबीआई को सौंप दी गई। आरोपी का दावा है कि बाद में उसी पर कार्रवाई हुई और उसकी नौकरी चली गई।
इस घटना के बाद, वह अपनी जिंदगी से टूट गया, परिवार बिखर गया और वह वर्षों तक न्याय की आस में भटकता रहा। जब उसे पता चला कि सीबीआई अधिकारी वीरेंद्र सिंह उस जांच में शामिल थे, तो उसने उन्हें अपना निशाना बना लिया।
हमला कैसे हुआ?
शुक्रवार सुबह करीब 11:15 बजे, जब एएसआई वीरेंद्र सिंह, नवल किशोर रोड स्थित सीबीआई कार्यालय के गेट पर खड़े थे, तभी दिनेश मुर्मू ने धनुष-बाण से उन पर हमला कर दिया। तीर सीधे सीने के बाएं हिस्से में जाकर धंस गया, जिससे अफरा-तफरी मच गई। घायल ASI को तुरंत सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया।
ASI की हालत अब स्थिर
मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. राजेश श्रीवास्तव ने जानकारी दी कि वीरेंद्र सिंह की हालत अब खतरे से बाहर है। तीर लगभग 5 सेंटीमीटर तक चुभा था, लेकिन समय रहते इलाज से जान बच गई। वीरेंद्र सिंह पिछले 25 वर्षों से सीबीआई में कार्यरत हैं और अधिकारी उन्हें ईमानदार और निडर अफसर के रूप में जानते हैं।
दिनेश मुर्मू ने खुद को बताया ‘न्याय का दूत’
डीसीपी सेंट्रल आशीष श्रीवास्तव के मुताबिक, पूछताछ में दिनेश ने खुद को ‘पौराणिक न्याय का वाहक’ बताया। उसने कहा कि जैसे भगवान राम ने अन्याय के खिलाफ धनुष उठाया, उसी तरह उसने भी सालों पुराने अन्याय के विरोध में यह कदम उठाया।
उसका दावा है, “मैंने कोई अपराध नहीं किया, यह न्याय की पुनरावृत्ति है। मुझे फंसाया गया था, और मैं वर्षों से बदले की आग में जल रहा था।”
पुलिस ने दर्ज किया केस
लखनऊ पुलिस ने आरोपी दिनेश मुर्मू के खिलाफ हत्या के प्रयास (Attempt to Murder) और आर्म्स एक्ट की धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर ली है। पुलिस ने उसके पास से धनुष और तीर भी बरामद किया है। आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेजा गया है और आगे की जांच जारी है।
इस हमले को लेकर लोगों में कई तरह की चर्चाएं हैं, क्योंकि आधुनिक समय में इस तरह पौराणिक तरीके से हमला करना बेहद दुर्लभ है। घटना का CCTV वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है, जिसमें हमले के पल को साफ देखा जा सकता है।



