लखनऊ/सर्वोदय न्यूज़:- उत्तर प्रदेश सरकार ने प्रदेश के विकास को गति देने की दिशा में बड़ा फैसला लेते हुए प्रयागराज-चित्रकूट क्षेत्रीय विकास प्राधिकरण (Prayagraj-Chitrakoot Regional Development Authority) के गठन को मंजूरी दे दी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई कैबिनेट बैठक में इस प्रस्ताव पर मुहर लगाई गई।
नए क्षेत्रीय विकास प्राधिकरण का दायरा करीब 23,053 वर्ग किलोमीटर होगा। इसके अंतर्गत प्रयागराज, चित्रकूट, फतेहपुर, बांदा, कौशांबी और हमीरपुर जिले शामिल किए गए हैं। सरकार का मानना है कि इस कदम से क्षेत्र में आधारभूत ढांचे, औद्योगिक निवेश और नागरिक सुविधाओं का तेजी से विकास होगा।
औद्योगिक और बुनियादी विकास को मिलेगा बढ़ावा
सरकार के अनुसार, नए विकास प्राधिकरण के गठन से प्रयागराज से जुड़े आसपास के जिलों के समेकित और सुनियोजित विकास का मार्ग प्रशस्त होगा। बेहतर सड़क, आवास, परिवहन और अन्य आधारभूत सुविधाओं के विकास से औद्योगिक इकाइयों की स्थापना को बढ़ावा मिलेगा, जिससे निवेश आकर्षित होगा।
सरकार ने स्पष्ट किया है कि इस प्राधिकरण के गठन से राज्य सरकार पर कोई अतिरिक्त वित्तीय बोझ नहीं पड़ेगा।
महाकुंभ के दौरान लिया गया था फैसला
प्रयागराज महाकुंभ के दौरान आयोजित कैबिनेट बैठक में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रयागराज-चित्रकूट और काशी-विंध्य क्षेत्रीय विकास प्राधिकरण बनाने की घोषणा की थी। इसके बाद प्रमुख सचिव (आवास) और प्रयागराज मंडलायुक्त को प्रस्ताव तैयार करने की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। आवास विभाग द्वारा तैयार प्रस्ताव को अब कैबिनेट की मंजूरी मिल गई है।
धार्मिक पर्यटन और रोजगार को मिलेगा लाभ
सरकार का कहना है कि नए विकास प्राधिकरण के गठन से प्रयागराज-चित्रकूट धार्मिक सर्किट को भी बढ़ावा मिलेगा। धार्मिक पर्यटन के विस्तार के साथ निजी निवेश बढ़ने की संभावना है। इससे स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।
प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना को एक साल का विस्तार
कैबिनेट बैठक में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) के तहत कार्यरत बीमा कंपनियों को भी एक वर्ष का सेवा विस्तार देने का निर्णय लिया गया।
तीन वर्षीय योजना खरीफ 2026 के साथ समाप्त हो रही थी। केंद्र सरकार ने राज्यों को या तो मौजूदा कंपनियों को रबी सीजन तक विस्तार देने या नए सिरे से टेंडर जारी करने का विकल्प दिया था। समय को देखते हुए उत्तर प्रदेश सरकार ने वर्तमान बीमा कंपनियों को खरीफ 2026 और रबी 2026-27 तक सेवाएं जारी रखने की मंजूरी दे दी है।
सरकार अगले खरीफ सीजन से नई निविदा प्रक्रिया के जरिए नई बीमा कंपनियों का चयन करेगी।



