न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- केंद्र सरकार में संभावित कैबिनेट विस्तार और फेरबदल को लेकर राजनीतिक हलकों में चर्चाएं तेज हो गई हैं। विभिन्न मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुवाई वाली सरकार में कुछ नए चेहरों की एंट्री और कुछ वरिष्ठ नेताओं की जिम्मेदारियों में बदलाव देखने को मिल सकता है। हालांकि, सरकार या भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की ओर से अभी तक इन दावों की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
स्मृति ईरानी की वापसी की चर्चा
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी की मोदी कैबिनेट में दोबारा वापसी हो सकती है। बताया जा रहा है कि भाजपा उन्हें भविष्य की राजनीतिक रणनीति के तहत फिर से केंद्रीय भूमिका दे सकती है।
स्मृति ईरानी इससे पहले मानव संसाधन विकास, सूचना एवं प्रसारण, वस्त्र, महिला एवं बाल विकास तथा अल्पसंख्यक कार्य जैसे महत्वपूर्ण मंत्रालयों की जिम्मेदारी संभाल चुकी हैं।
रिपोर्ट्स में यह भी कहा गया है कि 2024 के लोकसभा चुनाव में अमेठी सीट से हार के बाद सक्रिय केंद्रीय राजनीति से दूर हुईं स्मृति ईरानी को फिर से मंत्रिमंडल में शामिल किया जा सकता है। माना जा रहा है कि भाजपा 2029 के लोकसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए उन्हें दोबारा अमेठी से उम्मीदवार बना सकती है।
अनुराग ठाकुर और जतिन प्रसाद के नाम भी चर्चा में
कैबिनेट फेरबदल की चर्चाओं में पूर्व केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर का नाम भी सामने आ रहा है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि हिमाचल प्रदेश की आगामी राजनीतिक परिस्थितियों को देखते हुए भाजपा उन्हें फिर से केंद्रीय मंत्रिमंडल में जगह दे सकती है।
इसके अलावा उत्तर प्रदेश से भाजपा के वरिष्ठ नेता जतिन प्रसाद को भी मंत्रिमंडल में शामिल किए जाने की अटकलें लगाई जा रही हैं। उन्हें पार्टी के प्रमुख ब्राह्मण चेहरों में गिना जाता है।
वरिष्ठ नेताओं को लेकर भी अटकलें
कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में यह भी दावा किया गया है कि कैबिनेट फेरबदल के दौरान कुछ वरिष्ठ नेताओं की जिम्मेदारियों में बदलाव हो सकता है। इनमें राजनाथ सिंह और नितिन गडकरी के नाम भी चर्चा में हैं। रिपोर्ट्स में कहा गया है कि उन्हें नई संवैधानिक या संगठनात्मक जिम्मेदारियां दी जा सकती हैं।
राजनाथ सिंह को लेकर यह अटकल भी लगाई जा रही है कि भविष्य में उन्हें राष्ट्रपति पद के संभावित उम्मीदवार के रूप में देखा जा सकता है। हालांकि, इस संबंध में कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।
आधिकारिक पुष्टि का इंतजार
फिलहाल कैबिनेट फेरबदल को लेकर सामने आ रही सभी जानकारियां मीडिया रिपोर्ट्स और राजनीतिक चर्चाओं पर आधारित हैं। केंद्र सरकार और भाजपा ने इन दावों की पुष्टि या खंडन नहीं किया है। ऐसे में संभावित फेरबदल को लेकर किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले आधिकारिक घोषणा का इंतजार करना होगा।



