न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:– ओमान के उत्तरी समुद्री क्षेत्र में एक भारतीय तेल टैंकर पर ईरान की नौसेना द्वारा कथित फायरिंग की घटना सामने आई है, जिससे क्षेत्र में तनाव बढ़ गया है। जानकारी के मुताबिक, इस टैंकर में करीब 20 लाख बैरल इराकी कच्चा तेल लदा हुआ था। घटना से ठीक पहले दो भारतीय जहाजों को Strait of Hormuz से लौटने के लिए मजबूर किया गया था।
रिपोर्ट्स के अनुसार, इस घटना में ‘जग अर्णव’ और ‘सनमार हेराल्ड’ नाम के दो जहाज शामिल थे। शुरुआती जानकारी बताती है कि ‘जग अर्णव’ पर फायरिंग की गई, जबकि पास मौजूद ‘सनमार हेराल्ड’ को निशाना नहीं बनाया गया और वह सुरक्षित रहा। इस घटना ने समुद्री सुरक्षा को लेकर नई चिंताएं पैदा कर दी हैं।
भारतीय नौसेना इस पूरे मामले की जांच में जुटी है। फिलहाल Strait of Hormuz में भारतीय नौसेना की सीधी मौजूदगी नहीं है, लेकिन Gulf of Oman में भारत के दो डेस्ट्रॉयर, एक फ्रिगेट और एक टैंकर तैनात हैं। अधिकारियों का कहना है कि इस फायरिंग को Islamic Revolutionary Guard Corps से जोड़कर देखा जा रहा है और भारत इस घटनाक्रम को गंभीरता से ले रहा है।
गौरतलब है कि Strait of Hormuz दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल परिवहन मार्गों में से एक है, जहां से वैश्विक कच्चे तेल का लगभग 20 प्रतिशत हिस्सा गुजरता है। भारत भी इस मार्ग पर काफी हद तक निर्भर है, क्योंकि खाड़ी क्षेत्र से ऊर्जा आयात का बड़ा हिस्सा इसी रास्ते से आता है।
मौजूदा हालात में ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव का असर इस क्षेत्र में साफ नजर आ रहा है। हालांकि, ईरान ने भारत को मित्र देशों की सूची में रखा है और भारतीय जहाजों को इस मार्ग से गुजरने की अनुमति दी जा रही है, जबकि अन्य देशों के जहाजों को कथित तौर पर ड्रोन और मिसाइल हमलों की चेतावनी दी जा रही है।