नई दिल्ली/सर्वोदय:- देश में एक बार फिर कोरोना वायरस के मामलों में इजाफा देखा जा रहा है। दिल्ली, मुंबई, केरल, कर्नाटक और तमिलनाडु जैसे बड़े राज्यों के बाद अब नोएडा और गाजियाबाद में भी कोविड-19 के नए केस सामने आ गए हैं। इससे राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) में एक बार फिर चिंता का माहौल बन गया है।
दिल्ली में तीन साल बाद कोरोना की वापसी
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में कोविड के 23 नए मामले दर्ज किए गए हैं। यह आंकड़ा तीन वर्षों में पहली बार देखा गया है। राहत की बात यह है कि अधिकांश मरीजों में हल्के लक्षण हैं और अब तक कोई भी मृत्यु दर्ज नहीं हुई है।
नई लहर की वजह: JN.1 वैरिएंट
विशेषज्ञों के अनुसार, इस नई लहर के पीछे JN.1 वैरिएंट (ओमिक्रॉन का सब-वैरिएंट) है। यह वैरिएंट WHO की चिंताजनक सूची में नहीं है और सामान्य रूप से मामूली फ्लू जैसे लक्षण उत्पन्न करता है। अधिकतर संक्रमित मरीज 3-4 दिनों में ठीक हो रहे हैं।
नोएडा-गाजियाबाद में केस बढ़ने से NCR अलर्ट पर
- नोएडा में शनिवार को पहला मामला दर्ज हुआ है — 55 वर्षीय एक पुरुष में कोविड संक्रमण की पुष्टि हुई।
- गाजियाबाद में अब तक 4 नए केस सामने आ चुके हैं।
स्वास्थ्य विभाग ने अस्पतालों को सतर्क कर दिया है और बेड, ऑक्सीजन सिलेंडर, टेस्टिंग किट और वैक्सीन स्टॉक तैयार रखने के निर्देश दिए हैं।
अब तक केरल में कोरोना वायरस सबसे अधिक 273 के नए केस मिले , सभी जिलों में निगरानी बढ़ाई दी गई है| इसके साथ ही मुंबई में मई महीने में 95 केस मिले है, अस्पताल में केवल 16 मरीज भर्ती है|ठाणे में पिछले तीन दिन में 10 केस मिले है | कर्नाटक में 35 केस, जिनमें एक नौ महीने का बच्चा भी शामिल। अहमदाबाद में एक दिन में 20 केस, मई में कुल केस 39। यहां अभी भी 31 मरीज सक्रिय हैं।
सामान्य लक्षण: बुखार, नाक बहना, गले में खराश, सिरदर्द, थकान
विशेषज्ञों का कहना है, “स्थिति फिलहाल नियंत्रण में है। घबराने की ज़रूरत नहीं है, लेकिन सावधानी जरूरी है।” हालांकि कोविड-19 के मामले धीरे-धीरे बढ़ रहे हैं, लेकिन स्थिति अभी नियंत्रण में है। सरकार और स्वास्थ्य मंत्रालय अलर्ट पर हैं और अस्पतालों को पूरी तैयारी के निर्देश दिए जा चुके हैं। जनता से भी अपील की गई है कि वे सतर्क रहें, लक्षणों पर नजर रखें और जरूरत पड़ने पर जांच करवाएं



