न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:– पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच सीमा पर जारी तनाव ने एक नया रूप ले लिया है। पाकिस्तान द्वारा पक्तिका प्रांत में की गई हवाई कार्रवाई में 10 नागरिकों की मौत, जिनमें 3 स्थानीय क्रिकेटर भी शामिल थे, ने हालात को और भड़का दिया है। इस घटना के बाद अब दोनों देशों के बीच कतर की राजधानी दोहा में आपातकालीन शांति वार्ता शुरू हो गई है।
हमले के केंद्र में क्रिकेटर
अफगानिस्तान के पक्तिका प्रांत में पाकिस्तान की एयर स्ट्राइक में जिन 10 नागरिकों की जान गई, उनमें तीन युवा स्थानीय क्रिकेट खिलाड़ी भी शामिल थे। अफगान क्रिकेट बोर्ड ने उनकी मौत की पुष्टि की है। ये खिलाड़ी अर्गुन जिले से बरमल लौट रहे थे।
पाकिस्तान ने भेजा हाई-लेवल प्रतिनिधिमंडल
पाक प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने दोहा में शांति वार्ता के लिए रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ और ISI प्रमुख जनरल आसिम मलिक के नेतृत्व में एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल भेजा है। वहीं, अफगानिस्तान की ओर से वार्ता में रक्षा मंत्री मौलवी मोहम्मद याकूब मुजाहिद शामिल होंगे।
तनाव का कारण क्या है?
बतादें कि 11 अक्टूबर को अफगान बलों द्वारा कुर्रम जिले में पाक चौकियों पर गोलीबारी के बाद विवाद भड़का। जवाब में पाकिस्तान ने कंधार और हेलमंद में ड्रोन हमले किए, जिसमें 19 तालिबान लड़ाकों की मौत हुई। तालिबान ने दावा किया कि उनके जवाबी हमले में 58 पाक सैनिक मारे गए, जबकि पाकिस्तान का दावा है कि उसके 23 सैनिक शहीद हुए। 17 अक्टूबर को घोषित युद्धविराम के कुछ ही घंटों बाद पक्तिका पर फिर हमला हुआ।
क्या दोहा वार्ता से बनेगी बात?
कतर की मध्यस्थता में दोहा में शुरू हुई वार्ता से शांति की उम्मीद की जा रही है। पाकिस्तानी PM शहबाज शरीफ ने कहा:“हम बातचीत के लिए तैयार हैं, लेकिन अफगानिस्तान को हमारी सुरक्षा चिंताओं को गंभीरता से लेना होगा।”
यह भी पढ़े:– “अगर आप कप्तान होते तो…” – शुभमन गिल का रोहित शर्मा से अहम सवाल, विराट…
वहीं, तालिबान ने पाकिस्तान के दावों को खारिज करते हुए इसे “झूठा प्रचार” बताया और चेताया कि “अफगानिस्तान जवाब देगा”।
सीमा पर तनाव बरकरार
डुरंड लाइन पर दोनों पक्षों ने सैन्य सतर्कता बढ़ा दी है। चमन और स्पिन बोल्दाक जिलों में टैंकों और सैनिकों की गश्त तेज। स्थानीय लोग डरे हुए हैं। संयुक्त राष्ट्र और अंतरराष्ट्रीय संगठन संयम और कूटनीतिक समाधान की अपील कर रहे हैं।



