न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- जिले से एक अहम और चर्चित मामले में त्वरित न्याय का उदाहरण सामने आया है। Kushinagar में विशेष पॉक्सो कोर्ट ने दुष्कर्म और हत्या के मामले में आरोपी को दोषी ठहराते हुए मृत्युदंड की सजा सुनाई है।
इस मामले की सबसे बड़ी विशेषता यह रही कि अदालत ने केवल 13 कार्यदिवसों के भीतर सुनवाई पूरी कर फैसला सुना दिया।
13 दिन में पूरी हुई सुनवाई
यह मामला 22 फरवरी 2026 का है। पुलिस ने तेजी से जांच करते हुए महज 9 कार्यदिवसों में आरोप पत्र दाखिल किया। इसके बाद अदालत ने रोजाना सुनवाई कर रिकॉर्ड समय में केस का निस्तारण किया।
जांच में तकनीक का इस्तेमाल
जांच एजेंसियों ने इस केस में डिजिटल और वैज्ञानिक साक्ष्यों को प्राथमिकता दी। e-Sakshya ऐप, डीएनए रिपोर्ट और फोरेंसिक जांच के आधार पर मजबूत सबूत अदालत में पेश किए गए, जिससे मामले को तेजी से आगे बढ़ाने में मदद मिली।
अदालत का सख्त फैसला
अपर सत्र न्यायाधीश एवं विशेष पॉक्सो न्यायाधीश, Kushinagar ने आरोपी पिंटू उर्फ कोयल को दोषी मानते हुए फांसी की सजा सुनाई। इसके साथ ही अदालत ने आरोपी पर 3.25 लाख रुपये का आर्थिक दंड भी लगाया।
पीड़ित परिवार ने जताया संतोष
फैसले के बाद पीड़ित परिवार ने पुलिस और अभियोजन टीम की सराहना की। उनका कहना है कि त्वरित कार्रवाई और मजबूत साक्ष्यों के चलते न्याय जल्दी मिल सका।
समाज के लिए संदेश
अदालत के इस फैसले को गंभीर अपराधों के खिलाफ सख्त संदेश के रूप में देखा जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के त्वरित और कठोर निर्णय से अपराधियों में डर पैदा होता है और न्याय व्यवस्था पर लोगों का विश्वास मजबूत होता है।



