अयोध्या/सर्वोदय न्यूज़:- धर्मनगरी अयोध्या में स्थित सुर संगीत धाम विवाह मणि मंडप आश्रम में फाल्गुन शुक्ल पक्ष की चतुर्थी के पावन अवसर पर तीन दिवसीय ‘श्री सीताराम विवाह’ महामहोत्सव का भव्य आगाज़ हुआ। शनिवार को शुरू हुए इस मांगलिक आयोजन के साथ ही आश्रम परिसर ‘सिया-राम’ के जयघोष, मंगल गीतों और शहनाई की मधुर धुनों से गुंजायमान हो उठा।
अखंड संकीर्तन से भक्तिमय बना वातावरण
महोत्सव के प्रथम दिन प्रातः 7 बजे से 24 घंटे का अखंड ‘श्री सीताराम नाम संकीर्तन’ आरंभ किया गया। संध्या 6 बजे विद्वान आचार्यों के सान्निध्य में ‘श्री रामार्चा पूजन’ संपन्न हुआ, जो देर रात तक चला। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने उपस्थित होकर पूजा-अर्चना की और आध्यात्मिक अनुभूति का लाभ उठाया।
आज निकलेगी प्रभु की भव्य बारात
रविवार (22 फरवरी) को महोत्सव का मुख्य आकर्षण प्रभु श्रीराम की भव्य बारात रहेगी। प्रातः हल्दी-मटकोर, गौरी-गणेश कलश पूजन और मंडप छादन की पारंपरिक रस्में निभाई जाएंगी।
यह भी पढ़े:– वेंटिलेटर से उतरकर स्ट्रेचर पर दी फिजिक्स की बोर्ड परीक्षा: चंडीगढ़ की छात्रा ने दिखाई मिसाल
शाम 4 बजे दूल्हा स्वरूप श्री रामलला घोड़े पर सवार होकर कनक भवन से बाजे-गाजे के साथ प्रस्थान करेंगे। शोभायात्रा चक्रवर्ती दशरथ जी का राजमहल, मणिराम दास जी की छावनी और सोना देवी मार्ग से होते हुए ‘मिथिला विवाह मणि मंडप’ पहुंचेगी। मार्ग में विभिन्न स्थानों पर पुष्पवर्षा और आरती के साथ बारात का स्वागत किया जाएगा।
पाणिग्रहण संस्कार और होली के साथ समापन
रविवार शाम 5 बजे से रात्रि 11 बजे तक भगवान श्रीराम और माता सीता का दिव्य पाणिग्रहण संस्कार आयोजित होगा।
सोमवार (23 फरवरी) को प्रातः ‘कुँअर कलेवा जेवनार’ तथा संध्या में ‘हरिद्रा सिद्धि सदन’ की विशेष होली के साथ तीन दिवसीय महोत्सव का समापन किया जाएगा।
यह संपूर्ण आयोजन पूज्य चंचल जी महाराज के सानिध्य और मार्गदर्शन में संपन्न हो रहा है। आयोजन में अखिलेश कुमार अग्रवाल सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु भाग ले रहे हैं। कई महिलाएं सीता माता की सखियों के रूप में रस्मों में सहभागिता निभा रही हैं। धर्मनगरी अयोध्या में इस दिव्य विवाह महोत्सव को लेकर श्रद्धालुओं में गहरा उत्साह और आस्था का वातावरण बना हुआ है।



