न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- प्रयागराज में चल रहे माघ मेले में आस्था और अध्यात्म के बीच संतों की भव्य जीवनशैली भी चर्चा का विषय बनी हुई है। हर दिन हजारों श्रद्धालु संगम में स्नान कर रहे हैं, वहीं देशभर से आए साधु-संत भी अपने-अपने अंदाज में लोगों का ध्यान खींच रहे हैं। इसी क्रम में संतोष दास उर्फ सतुआ बाबा एक बार फिर सुर्खियों में हैं।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, सतुआ बाबा के पास लग्जरी गाड़ियों का पूरा काफिला है। लैंड रोवर डिफेंडर समेत कई महंगी गाड़ियों के बाद अब उनके काफिले में एक नई Porsche कार भी शामिल हो गई है, जिसकी कीमत तीन करोड़ रुपये से ज्यादा बताई जा रही है। माघ मेला क्षेत्र में इस कार का विधि-विधान से पूजन किया गया, जिसमें कई साधु-संत मौजूद रहे। इस दौरान लोगों ने बाबा का सम्मान भी किया। मेला परिसर में यह कार आकर्षण का केंद्र बनी हुई है। कार पूजन का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
लग्जरी लाइफस्टाइल को लेकर पहले भी चर्चा में रहे हैं सतुआ बाबा
सतुआ बाबा, जिनका वास्तविक नाम संतोष दास है, जगतगुरु महामंडलेश्वर पीठाधीश्वर हैं। वे महंगे ब्रांड्स और लग्जरी साधनों के उपयोग के लिए जाने जाते हैं। बताया जाता है कि वे Ray-Ban कंपनी का चश्मा पहनते हैं और डिफेंडर जैसी महंगी गाड़ियों में सफर करते हैं।
लग्जरी पर सवालों का दिया जवाब
न्यूज़ 18 को दिए एक इंटरव्यू में संतों की लग्जरी जीवनशैली पर उठ रहे सवालों का जवाब देते हुए सतुआ बाबा ने कहा कि जो लोग इस पर आपत्ति जताते हैं, उन्हें पहले अपने आसपास झांकना चाहिए।
यह भी पढ़े:- ‘हिंदुओं का गला काटने से मिलेगी आज़ादी…’ आतंकी अबू मूसा कश्मीरी का वीडियो वायरल
उन्होंने कहा कि देश में विकास हर क्षेत्र में हो रहा है, चाहे वह समाज हो या आध्यात्मिक जगत। उनके अनुसार, आध्यात्मिक आयोजनों में आधुनिक और उन्नत साधनों का उपयोग भी एक संदेश देता है।
महाकुंभ और माघ मेले में दिख रहा संतों का रईसी अंदाज
जनवरी 2025 में प्रयागराज में होने वाले महाकुंभ से पहले भी संतों की लग्जरी गाड़ियों को लेकर खूब चर्चा हुई थी। रिपोर्ट्स के मुताबिक, श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के सदस्य स्वामी वासुदेवानंद के पास दो रोल्स रॉयस कारें हैं, जिनकी कीमत करीब 20 करोड़ रुपये बताई जाती है।
View this post on Instagram
वहीं, शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के पास एक वैनिटी वैन है, जो उन्हें एक उद्योगपति द्वारा भेंट की गई थी। तुलसी पीठाधीश्वर जगद्गुरु रामभद्राचार्य भी महाकुंभ में करीब 50 लाख रुपये की ऑडी कार से पहुंचे थे।
माघ मेले और महाकुंभ में संतों की यह भव्य जीवनशैली अब आस्था के साथ-साथ सार्वजनिक चर्चा का विषय बनती जा रही है।



