न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- हिंदू धर्म और वास्तु शास्त्र में दान का विशेष महत्व बताया गया है। मान्यता है कि किसी भी तरह का दान यदि गुप्त रूप से किया जाए, यानी बिना किसी दिखावे के, तो उसका फल कई गुना बढ़ जाता है। वास्तु शास्त्र में भी ऐसे कुछ खास गुप्तदान बताए गए हैं, जिन्हें करने से जीवन की रुकावटें दूर होती हैं और भाग्य प्रबल होने लगता है।
शास्त्रों के मुताबिक मंदिर में की जाने वाली तीन विशेष वस्तुओं का गुप्तदान व्यक्ति के जीवन को सही दिशा में ले जाता है और कठिनाइयों का समाधान स्वतः मिलने लगता है। आइए जानते हैं कौन-सी हैं वे 3 वस्तुएं जिनका गुप्तदान बेहद शुभ माना गया है—
1. दिया जलाने के लिए माचिस का गुप्तदान
वास्तु शास्त्र के अनुसार मंगलवार और शनिवार के दिन मंदिर में माचिस का गुप्तदान अत्यंत शुभ माना जाता है। विशेष रूप से यह दान हनुमान मंदिर में करने की सलाह दी जाती है।
लाभ:
- जीवन से नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है
- बुरी नजर और बाधाएं समाप्त होती हैं
- मंगल ग्रह मजबूत होता है
- व्यक्ति के जीवन में सकारात्मक बदलाव आने लगते हैं
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2. पूजा के लिए आसन का गुप्तदान
किसी भी मंदिर में आसन का गुप्तदान महादान बताया गया है। धार्मिक मान्यता है कि जिस आसन पर बैठकर भक्त पूजा करता है, उसके कुछ पुण्य का फल दान करने वाले को भी मिलता है।
लाभ:
- जीवन में स्थिरता आती है
- धन-धान्य की कमी नहीं रहती
- आर्थिक समस्याओं से घिरे लोगों के लिए विशेष शुभ
- इस दान को गुरुवार के दिन करना अधिक फलदायी माना जाता है
3. शिव पूजा के लिए लोटे का गुप्तदान
शिव मंदिरों में जल अर्पित करने के लिए लोटे का उपयोग किया जाता है। यदि कोई भक्त शांतिपूर्वक और गुप्त रूप से लोटा दान करे तो भगवान शिव की विशेष कृपा प्राप्त होती है।
लाभ:
- हर तरह की मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं
- शिव कृपा से सुख, समृद्धि और मानसिक शांति प्राप्त होती है
- जीवन की राह आसान होने लगती है



