लाइफस्टाइल/सर्वोदय न्यूज़:- भारत को “डायबिटीज कैपिटल ऑफ वर्ल्ड” कहा जा रहा है। आज 10 करोड़ से ज़्यादा लोग इस बीमारी से जूझ रहे हैं और अनुमान है कि आने वाले वर्षों में यह संख्या 15 करोड़ पार कर जाएगी। चिंताजनक बात यह है कि हर दूसरा व्यक्ति यह तक नहीं जानता कि उसे डायबिटीज है।
डायबिटीज़ केवल ब्लड शुगर तक सीमित नहीं रहती, यह दिल, किडनी, आंखों और लिवर तक को नुकसान पहुंचा सकती है। लेकिन विशेषज्ञों का कहना है कि कुछ आसान आदतें अपनाकर इस बीमारी को रोका जा सकता है।
TOI को दिए गए एक इंटरव्यू में हेल्थ एक्सपर्ट डॉ. सुंधाशु राय ने 7 अहम जीवनशैली की आदतें बताई हैं जो टाइप-2 डायबिटीज से बचाव में बेहद प्रभावी हैं।
डायबिटीज से बचने के लिए अपनाएं ये 7 आदतें:
1.फाइबर युक्त डाइट लें
- रोज़ाना 35 ग्राम फाइबर लें — यह डायबिटीज़ का खतरा 30% तक घटा सकता है।
- स्रोत: साबुत अनाज, फल, दालें, हरी सब्जियाँ।
- फायदे: ब्लड शुगर स्थिर रहता है और पेट देर तक भरा रहता है।
2. हफ्ते में 150 मिनट एक्सरसाइज करें
- हर हफ्ते 150 मिनट तेज़ चलना या एरोबिक व्यायाम करें।
- इससे इंसुलिन रेज़िस्टेंस 40–50% तक घटता है।
- हफ्ते में 5 दिन, 30 मिनट की वॉक से भी फ़र्क पड़ता है।
3. वज़न कंट्रोल में रखें
- कुल वजन का 5–10% घटाने से डायबिटीज़ का खतरा 58% तक कम हो सकता है।
- रोज़ एक्सरसाइज और हेल्दी डाइट अपनाएं।
4. रिफाइंड अनाज छोड़ें, साबुत अनाज अपनाएं
- सफेद चावल, मैदा की जगह ब्राउन राइस, ओट्स, मल्टीग्रेन रोटी खाएं।
- इससे ब्लड शुगर में 25-30% तक कमी आती है।
5. दालचीनी को डाइट में शामिल करें
- रोज़ाना 1–6 ग्राम दालचीनी से इंसुलिन सेंसिटिविटी 20% तक बढ़ती है।
- यह ब्लड शुगर को नेचुरली कंट्रोल करती है।
6. पूरी नींद लें: 7–8 घंटे
- नींद की कमी से डायबिटीज़ का खतरा 40–50% तक बढ़ता है।
- नींद से हॉर्मोनल बैलेंस सुधरता है और भूख भी नियंत्रित रहती है।
7. भोजन की मात्रा नियंत्रित करें
- दिन में कम मात्रा में कई बार खाना ब्लड शुगर को स्थिर रखता है।
- धीरे-धीरे खाएं और छोटे बर्तन/थाली का प्रयोग करें।
डायबिटीज़ आज हर घर की समस्या बनती जा रही है, लेकिन सही आदतों से यह बिल्कुल रोकी जा सकती है। सिर्फ दवाइयों पर निर्भर न रहें, बल्कि अपने खाने, सोने और चलने के तरीके को बदलें। डॉ. राय के अनुसार, “आज जो थोड़ा प्रयास करेंगे, वही कल गंभीर बीमारियों से खुद को बचा पाएंगे।”
डिस्क्लेमर- इस लेख में दी गई जानकारी सामान्य स्वास्थ्य जागरूकता के उद्देश्य से प्रस्तुत की गई है। डायबिटीज़ या किसी अन्य स्वास्थ्य समस्या से पीड़ित व्यक्ति को किसी भी नई जीवनशैली या खान-पान को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर या स्वास्थ्य विशेषज्ञ से परामर्श अवश्य लेना चाहिए।



