लखनऊ/सर्वोदय न्यूज़:— राजधानी लखनऊ स्थित ठाकुर पब्लिक स्कूल, जानकीपुरम में रविवार को अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत अवध प्रांत की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। यह बैठक संगठन के सदस्यता अभियान और पर्यावरण विषय पर केंद्रित रही। बैठक में राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य एवं पर्यावरण आयाम प्रमुख डॉ. प्रमोद पांडेय ने प्रमुख रूप से मार्गदर्शन दिया। बैठक की अध्यक्षता प्रांतीय अध्यक्ष यशपाल जी ने की, जबकि संचालन प्रांतीय सचिव आशुतोष मिश्रा ने किया।
डॉ. प्रमोद पांडेय ने दिया पर्यावरण और उपभोक्ता जागरूकता पर संदेश
डॉ. पांडेय ने कहा कि अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत पिछले 50 वर्षों से उपभोक्ताओं के हित में कार्य कर रही है। उन्होंने ऑनलाइन खरीदारी, महंगी असमय फल-सब्ज़ियों, और अनावश्यक विज्ञापनों की ओर जनता का ध्यान खींचा। उन्होंने बताया कि ग्राहक अक्सर प्रचार-प्रसार के प्रभाव में आकर ऐसी चीजें खरीद लेते हैं जिनकी उन्हें वास्तव में आवश्यकता नहीं होती, जिससे संसाधनों की बर्बादी और पर्यावरण को नुकसान होता है।
उन्होंने प्लास्टिक पैकिंग, पेड़ कटाई और उपभोक्ता संस्कृति पर प्रकाश डालते हुए जागरूकता की आवश्यकता बताई। उनका कहना था कि “हमें भारतीय संस्कृति के अनुसार संसाधनों का सतत और संतुलित उपयोग करना चाहिए।”
प्रांतीय उपाध्यक्ष ओंकार पांडेय का समाज फैली विकृतियों पर सन्देश
प्रांतीय उपाध्यक्ष ओंकार पांडेय द्वारा बताया गया कि अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत सन 1974 से ग्राहक हित एवं संरक्षण का कार्य करता चला आ रहा है अभी पिछले वर्ष हमारे संगठन के 50 वर्ष पूरे हुए और हमने स्वर्ण जयंती वर्ष मनाया है । जब हम आर्थिक रूप से व्यवहार को देखते हैं तो बहुत सारी विकृतियों दिखाई पड़ती हैं इसके सुधार हेतु ग्राहक पंचायत संगठन की आवश्यकता है। जो भी प्रमुख समस्याएं आ रही हैं जैसे- विक्रय व सेवा व्यवहार, खाने-पीने वाली वस्तुओं की गुणवत्ता, बैंकों की कार्यप्रणाली व उनके द्वारा छोटे-छोटे सरचार्ज लगाकर कटौती किया जाना, छोटे सिक्कों का चलन कम होने पर उसे लेने से इनकार किया जाना, टेलीफोन कंपनियों द्वारा मनमाना शुल्क लिया जाना, किसान को अच्छी गुणवत्ता का बीज खाद आदि न मिल पाना व वितरण समय पर ना हो पाना, विद्युत उपभोक्ताओं को आने वाली समस्याएं, प्राइवेट स्कूलों द्वारा अवैध व मनमानी ढंग से फीस व अन्य सुविधाओं के लिए पैसे वसूल किया जाना, चिकित्सा क्षेत्र में जांच व दवा में अत्यधिक मूल्य का लिया जाना, आदि के लिए ग्राहक पंचायत एक ऐसा माध्यम बनकर आता है, जो जन सामान्य की आवाज को मुखर होकर रखने का प्रयास करता है। जिसके लिए समाज के लोगों को ग्राहक पंचायत की सदस्यता लेकर ग्राहक आंदोलन को मजबूत किया जाना चाहिए। ग्राहक पंचायत में ग्राहक कानून बनाने के लिए बहुत प्रयास किया और उसमें सफलता भी मिली, आवासीय व्यवस्था को नियंत्रित करने के लिए रेरा के लिए कार्य किया गया तथा ज्वेलरी की गुणवत्ता में बी. आई.एस. की हॉल मार्किंग विषय पर भी हमें सफलता मिली। हमारे संगठन के प्रयास से बैंक में जो एफडी कराई जाती है वह ₹5 लाख तक गारंटीड हो गई, अभी हम एमआरपी विषय पर कार्य कर रहे हैं। हमारा यह मानना है कि अधिकतम विक्रय मूल्य के साथ उसे वस्तु को तैयार करने में क्या लागत आ रही है, यह भी लिखा जाना चाहिए। यह जानने का ग्राहक का अधिकार है।
पंच परिवर्तन के तहत संगठन का राष्ट्रहित संकल्प
बैठक में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के 100 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर “पंच परिवर्तन” विषय पर भी चर्चा हुई:
- सामाजिक समरसता
- कुटुंब प्रबोधन
- पर्यावरण संरक्षण
- स्वदेशी और आत्मनिर्भरता
- नागरिक कर्तव्य
सभी विषयों को संगठन के विस्तार और राष्ट्र निर्माण से जोड़ा गया।
सदस्यता अभियान को मिली गति
प्रांतीय अध्यक्ष यशपाल ने बताया कि अगस्त माह संगठन के लिए विशेष होता है क्योंकि इसमें वार्षिक सदस्यता नवीनीकरण और नए सदस्यों को जोड़ने का अभियान चलाया जाता है। सभी कार्यकर्ताओं को न्यूनतम 25 सदस्यता कराने का लक्ष्य दिया गया है।
लखनऊ महानगर अध्यक्ष लक्ष्मीकांत ने 14 अगस्त से पहले गोमतीनगर, आलमबाग, दुबग्गा, राजाजीपुरम, और IIM रोड पर बैठकों के माध्यम से सदस्यता अभियान तेज़ करने की घोषणा की। लखनऊ जिला अध्यक्ष पंकज कुमार सिंह ने 14 अगस्त से पहले 200 नवीन सदस्य जोड़ने का संकल्प लिया।
विधिक और पर्यावरणीय विमर्श
- प्रांतीय विधि प्रमुख डॉ. सत्येंद्र ने उपभोक्ता फोरम की कार्यप्रणाली और अधिकारों की जानकारी दी।
- पर्यावरण प्रमुख प्रकाश चंद्र बरनवाल जी ने जल संरक्षण, वृक्षारोपण, और सिंगल यूज़ प्लास्टिक से मुक्ति पर जागरूकता पत्रक वितरित किए।
संगठनात्मक नियुक्तियां
बैठक में मीना माहेश्वरी, राजीव सतीजा, निश्चल, विनोद गुप्ता (सरोजिनी नगर अध्यक्ष), अमरजीत सिंह (सचिव) और पंकज शर्मा (कोषाध्यक्ष) सहित अन्य को नवनियुक्त दायित्व सौंपे गए।
सदस्यता ही संगठन की नींव
बैठक के समापन पर यशपाल जी ने कहा कि उपभोक्ता शोषण के खिलाफ जागरूकता और संगठन का विस्तार दोनों ज़रूरी हैं। उन्होंने मल्टीनेशनल कंपनियों द्वारा भ्रामक विज्ञापनों और उपभोक्ता के आर्थिक शोषण के मामलों का उल्लेख करते हुए कहा कि हमें अपनी आवश्यकताओं को समझते हुए एक सतर्क और सजग ग्राहक बनना होगा।
उपस्थित कार्यकर्ता
बैठक में प्रशांत मिश्र, विजय यादव, ऋषभ, आशीष सिंह, दीपक सिंह, सोमेश रस्तोगी, सरोज ठाकुर, नीरज, जानवी दुबे समेत बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे।



