स्पोर्ट्स डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- टीम इंडिया के पूर्व ऑलराउंडर इरफान पठान ने युवा बल्लेबाज शुभमन गिल का खुलकर समर्थन किया है। जियोहॉटस्टार पर बातचीत के दौरान पठान ने कहा कि गिल के पास अपार प्रतिभा है और जितनी ज्यादा जिम्मेदारी और चुनौतियां उनके सामने आएंगी, वह उतने ही बेहतर क्रिकेटर बनकर उभरेंगे।
राहुल द्रविड़ से मिली सीख का जिक्र
इरफान पठान ने अपने करियर के शुरुआती दिनों को याद करते हुए पूर्व भारतीय कप्तान राहुल द्रविड़ से मिली अहम सीख साझा की, जिसे उन्होंने शुभमन गिल के करियर से जोड़ा। पठान ने बताया कि जब वह 19 साल की उम्र में भारतीय टीम में आए थे, तब द्रविड़ ने उन्हें अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट की वास्तविक चुनौतियों के लिए मानसिक रूप से तैयार किया था।
पठान ने कहा, “जब मैं टीम इंडिया में आया, तब राहुल द्रविड़ ने मुझसे कहा था कि टीम में पहुंचना आसान है, लेकिन इसके बाद असली मुश्किलें शुरू होती हैं। जब मैंने उनसे पूछा कि मुश्किल वक्त में क्या करना चाहिए, तो उन्होंने कहा कि धीरे-धीरे तुम इसके आदी हो जाओगे।”
गिल पर पूरी तरह लागू होता है यह मंत्र
इरफान पठान का मानना है कि यही प्रक्रिया शुभमन गिल के करियर पर भी लागू होती है। उन्होंने कहा कि कप्तानी मिलने और बड़े मंच पर प्रदर्शन करने से गिल को आगे बढ़ने का बड़ा अवसर मिला है।
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पठान ने कहा,“गिल कप्तान बने, इंग्लैंड सीरीज में उन्होंने अपने प्रदर्शन से औसत बेहतर किया और टीम में अपना प्रभाव दिखाया। इसके बाद उन्हें वनडे टीम की कप्तानी मिली। जब ऐसा होता है, तो खिलाड़ी को खुद को साबित करने का बड़ा मौका मिलता है।”
विराट से तुलना पर भी बोले पठान
शुभमन गिल की तारीफ करते हुए इरफान पठान ने कहा कि तुलना होना स्वाभाविक है। पहले विराट कोहली की तुलना सचिन तेंदुलकर से होती थी और अब गिल की तुलना विराट से की जा रही है।
उन्होंने कहा,“तुलनाएं हमेशा रहेंगी। विराट की तुलना सचिन से हुई और अब गिल की तुलना विराट से हो रही है, जिन्होंने 25-30 हजार रन बनाए हैं। मुझे लगता है कि गिल में उस स्तर तक पहुंचने की पूरी क्षमता है। उनके पास शॉट्स की शानदार रेंज है।”
सीखने की भूख है गिल की सबसे बड़ी ताकत
पूर्व ऑलराउंडर ने यह भी कहा कि शुभमन गिल की सबसे बड़ी खासियत उनका सीखने का जज़्बा है। पठान बोले,“मैंने गिल को हमेशा क्रिकेट के लिए तैयार देखा है। वह सीखने के लिए हमेशा उत्सुक रहते हैं। जितनी ज्यादा जिम्मेदारी और चुनौती मिलेगी, वह उतने ही ज्यादा निखरेंगे। यही एटिट्यूड उन्हें खास बनाता है।”



