नई दिल्ली/सर्वोदय न्यूज़:- भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने देश के आम नागरिकों को बड़ी राहत देते हुए रेपो रेट में 0.50% की कटौती की घोषणा की है। अब यह दर 5.5 प्रतिशत हो गई है। यह निर्णय मौद्रिक नीति समिति (MPC) की बैठक के बाद लिया गया, जो लगातार तीसरी बार रेपो रेट में कटौती का संकेत है।
मौद्रिक नीति में बदलाव का यह फैसला देश में स्थिर महंगाई दर, मजबूत GDP ग्रोथ और राजनीतिक स्थिरता को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। इससे होम लोन, पर्सनल लोन और कार लोन जैसी ईएमआई में जल्द राहत मिलने की उम्मीद है।
आम आदमी को मिलेगी राहत
RBI के गवर्नर संजय मल्होत्रा ने कहा कि महंगाई दर लगातार 4% से नीचे बनी हुई है और भारत की आर्थिक वृद्धि भी मजबूती से आगे बढ़ रही है। इसके साथ ही, केंद्रीय बैंक ने मौद्रिक नीति रुख को भी ‘एकोमॉडेटिव’ से बदलकर ‘न्यूट्रल’ कर दिया है।
कैसे घटेगी EMI?
रेपो रेट वह दर है जिस पर RBI बैंकों को कर्ज देता है। जब यह दर घटती है, तो बैंकों की फंडिंग लागत कम हो जाती है। इसके चलते बैंक लोन की ब्याज दरों में कटौती करते हैं और ग्राहकों को सीधी राहत मिलती है।
बैंक अब अपने रेपो लिंक्ड लोन (RLLR) की ब्याज दरें घटा सकते हैं, जिससे नई और मौजूदा दोनों प्रकार की EMI में कमी आने की संभावना है।
जीडीपी और महंगाई अनुमान
RBI ने 2025-26 के लिए GDP ग्रोथ का अनुमान 6.5% पर बरकरार रखा है, जबकि रिटेल महंगाई अनुमान घटाकर 3.7% कर दिया गया है। विशेषज्ञों का मानना है कि इससे भारतीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी और घरेलू खपत में इजाफा होगा।



