न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- उत्तर प्रदेश की सियासत में उस वक्त उबाल आ गया जब समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता और संभल से विधायक इकबाल महमूद ने कांवड़ यात्रा को लेकर विवादित बयान दे दिया। विधायक ने कहा कि “कांवड़ यात्रा में शिवभक्तों की संख्या कम और गुंडे-मवालियों की संख्या ज्यादा होती है। ये लोग सड़कों पर बदतमीजी और गुंडई कर रहे हैं।”
इकबाल महमूद ने मीडिया से बातचीत में कहा,”जो असली शिवभक्त हैं, वो तो शांति से यात्रा पर जा रहे हैं, लेकिन ऐसे लोग भी बड़ी संख्या में हैं जो सिर्फ उपद्रव के लिए सड़कों पर हैं। खासकर मुजफ्फरनगर में हालात ज्यादा खराब हैं। एक वैन जिसमें बच्चे जा रहे थे, उस पर हमला कर दिया गया। एक छोटी सी टक्कर पर एक युवक को बुरी तरह मारा गया और एक बेटी की भी पिटाई की गई।”
विधायक ने यह भी कहा कि”2027 में जब समाजवादी पार्टी की सरकार बनेगी, तो शिवभक्तों के लिए अलग से मैसेजिंग सिस्टम तैयार किया जाएगा, ताकि यात्रा के दौरान जनजीवन बाधित न हो और आम जनता को परेशानी न हो।”
सपा विधायक ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कांवड़ यात्रा पर फूल बरसाने के फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि अगर उपद्रवियों को चिन्हित करके पोस्टर लगाए जा रहे हैं, तो यह अच्छी बात है। लेकिन उन्होंने CAA आंदोलन की याद दिलाते हुए तंज कसा कि तब भी पोस्टर लगे थे, जिन्हें हाईकोर्ट ने हटवाया था।अब अगर सरकार पोस्टर लगा रही है तो सिर्फ उपद्रव करने वालों के ही लगाए जाएं, पूरे समुदाय को बदनाम न किया जाए।
विधायक के इस बयान पर बीजेपी और कई हिंदू संगठनों ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उनका कहना है कि समाजवादी पार्टी बार-बार हिंदू आस्था पर सस्ती राजनीति कर रही है। बीजेपी नेताओं ने मांग की है कि इकबाल महमूद को माफी मांगनी चाहिए, नहीं तो उनके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए।



