न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- उत्तर प्रदेश में अब घर का नक्शा पास कराने के लिए आपके घर में रेन वाटर हार्वेस्टिंग की व्यवस्था अनिवार्य होगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य के विकास प्राधिकरणों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि 100 वर्ग मीटर से बड़े सभी भवनों में वर्षा जल संचयन की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
मुख्यमंत्री ने शनिवार को नमामि गंगे और ग्रामीण जलापूर्ति विभाग की समीक्षा बैठक में कहा कि जल संकट से निपटने के लिए हर घर में वर्षा जल संचयन की व्यवस्था बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि यह पहल राज्य में जल संरक्षण और भूजल स्तर को सुधारने की दिशा में निर्णायक कदम होगी।
अब भवन निर्माण के लिए जरूरी होगा रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम
100 वर्ग मीटर से बड़े हर भवन में जल संचयन सिस्टम अनिवार्य, बिना इस व्यवस्था के नक्शा स्वीकृत नहीं किया जाएगा| शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में लागू होगी ये शर्त| नगर निगमों की तर्ज पर विकास प्राधिकरण भी बॉन्ड जारी करेंगे
मेरठ, कानपुर, मथुरा-वृंदावन के लिए ₹1833 करोड़ की विकास योजनाएं
मुख्यमंत्री ने मेरठ, कानपुर और मथुरा-वृंदावन के समग्र विकास के लिए 1833 करोड़ रुपये की लागत से 38 परियोजनाओं को मंजूरी देने के निर्देश दिए हैं। इन योजनाओं में: मेरठ में 11 परियोजनाएं, कानपुर में 13 परियोजनाएं, मथुरा-वृंदावन में 14 परियोजनाएं | मुख्यमंत्री ने कहा कि इन सभी परियोजनाओं का स्थानीय सर्वेक्षण और अध्ययन कर ही अंतिम रूप दिया जाए।
बिना मानक की कालोनियों पर रोक
योगी आदित्यनाथ ने यह भी कहा कि बिना नगर निकाय की अनुमति के कोई भी कॉलोनी विकसित न हो, मलिन बस्तियों में साफ-सफाई, पेयजल, स्ट्रीट लाइट और जल निकासी की बेहतर व्यवस्था की जाए| स्मार्ट सिटी योजनाएं राजस्व बढ़ाने और समग्र विकास पर केंद्रित हों |
सामुदायिक शौचालयों की सफाई और बुनियादी सुविधाओं पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि मलिन बस्तियों और सार्वजनिक स्थलों पर अधिक सामुदायिक शौचालय बने| उनकी निगरानी और जवाबदेही तय हो, लापरवाही पर अधिकारी जिम्मेदार माने जाएंगे | नए शामिल गांवों में भी जल्द से जल्द बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं |
चेकडैमों से बढ़ी सिंचाई क्षमता और भूजल रिचार्ज
प्रदेश में 6448 चेकडैमों का निर्माण हो चुका है, प्रत्येक चेकडैम से 20 हेक्टेयर सिंचाई क्षमता बढ़ी, कुल 1.28 लाख हेक्टेयर क्षेत्र की सिंचाई क्षमता में वृद्धि हुई है | हर साल 10 हजार हेक्टेयर मीटर भूजल रिचार्ज हो रहा है |किसान अब साल में 2-3 फसलें लेने में सक्षम हो रहे हैं|
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सीएम योगी ने कहा “रेन वाटर हार्वेस्टिंग अब कोई विकल्प नहीं, बल्कि हर नागरिक की जिम्मेदारी है। जल संकट को रोकना है तो हमें आज से ही इसके लिए कड़े कदम उठाने होंगे।”
सुझाव:
- भवन मालिक जल्द ही अपने भवनों में रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम लगवाएं
- नक्शा पास कराने से पहले स्थानीय प्राधिकरण से मानक नियमों की जानकारी लें
- भवन योजना में ड्रेनेज और जल पुनर्चक्रण सिस्टम भी शामिल करें



