वृन्दावन/सर्वोदय न्यूज़:- जम्मू-कश्मीर के पहलगांव हमले में अपने बेटे को खोने वाले कानपुर निवासी संजय द्विवेदी शुक्रवार को वृन्दावन पहुंचे और संत प्रेमानंद महाराज से एकांत में मुलाकात कर अपना दुःख साझा किया।
संजय द्विवेदी की आंखों में आंसू थे, और दिल में पुत्र-वियोग की पीड़ा। प्रेमानंद जी से मिलते ही वे अपने जज़्बात पर काबू नहीं रख सके और फूट-फूट कर रोने लगे। उन्होंने महाराज जी को बताया कि पहलगांव में घटी घटना उनके पूरे परिवार के लिए हृदयविदारक थी।
प्रेमानंद जी ने दिलाया धैर्य
संत प्रेमानंद जी ने उन्हें सांत्वना देते हुए कहा,”धैर्य रखें, पुत्र प्रेम में बड़े-बड़े शूरवीरों का मन व्यथित हो जाता है। अभिमन्यु की मृत्यु के बाद भगवान श्रीकृष्ण के समझाने पर भी अर्जुन व्यथित हुए थे। हम केवल सहानुभूति दे सकते हैं, लेकिन जिसकी संतान जाती है, उसका हृदय ही जानता है। जो होना होता है, वह होकर ही रहता है — यह सब प्रभु की इच्छा है।”
इस भावुक संवाद ने वहां मौजूद लोगों को भी भाव-विभोर कर दिया। संजय द्विवेदी ने संत प्रेमानंद जी के सान्निध्य में कुछ समय बिताया और थोड़ी मानसिक शांति प्राप्त की।



