न्यूज़ डेस्क/सर्वोदय न्यूज़:- अनोखी चीजों का संग्रह करने का शौक कई लोगों को होता है, लेकिन उत्तर प्रदेश के पीलीभीत जिले के पूरनपुर निवासी मोहम्मद उमर खां का शौक बेहद खास और अलग है। उन्होंने पिछले करीब 40 वर्षों में 786 नंबर वाले नोट और सिक्कों का ऐसा अनोखा कलेक्शन तैयार किया है, जिसने अब उन्हें अंतरराष्ट्रीय पहचान दिला दी है।
मोहम्मद उमर खां के पास सिर्फ भारत ही नहीं बल्कि दुनिया के कई देशों की ऐसी करेंसी मौजूद है, जिन पर 786 अंक दर्ज है। उनके संग्रह में भारत के 1 रुपये से लेकर 500 रुपये तक के नोट शामिल हैं। इसके अलावा चीन, कनाडा, कतर, सऊदी अरब, इराक, ऑस्ट्रेलिया, नेपाल, थाईलैंड, सिंगापुर, न्यूजीलैंड, यूएई और अमेरिका जैसे देशों की करेंसी भी उनके पास है।
विदेश से मिला निमंत्रण
उनके इस अनोखे कलेक्शन की चर्चा अब देश ही नहीं बल्कि विदेशों तक पहुंच चुकी है। उमर खां को दुबई और इराक में अपनी प्रदर्शनी लगाने के लिए आमंत्रित किया गया है। जल्द ही वह अपने इस संग्रह को अंतरराष्ट्रीय मंच पर प्रदर्शित करेंगे।
40 साल की मेहनत का नतीजा
उमर खां बताते हैं कि उन्होंने यह संग्रह लगभग चार दशकों की मेहनत और लगन से तैयार किया है। उनके पास कई ऐसे पुराने नोट और सिक्के भी हैं, जो अब प्रचलन में नहीं हैं। इस वजह से उनका कलेक्शन ऐतिहासिक रूप से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
देखने पहुंचते हैं दूर-दूर से लोग
उनके इस अनोखे संग्रह को देखने के लिए मुंबई, दिल्ली और लखनऊ जैसे बड़े शहरों से लोग उनके पास पहुंच चुके हैं। हर कोई उनके इस जुनून और प्रयास की सराहना करता है।
786 से खास लगाव
मोहम्मद उमर खां के लिए 786 नंबर सिर्फ एक अंक नहीं, बल्कि आस्था का प्रतीक है। यही वजह है कि उनके जीवन से जुड़े कई महत्वपूर्ण नंबर—जैसे मोबाइल नंबर, वाहन नंबर, बैंक खाते, बिजली मीटर और एटीएम कार्ड—भी 786 पर ही खत्म होते हैं।



